DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

तत: उत्तिष्ठ मनमोहन! चुनावाय कृतनिश्चय:

ांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने मंगलवार को साफ शब्दों में कहा कि डॉ. मनमोहन सिंह ही अगले चुनाव में इस पद के लिए पार्टी के उम्मीदवार हैं। मंगलवार को तिरंगे से लिपटे कांग्रेस मुख्यालय में पार्टी का चुनाव घोषणापत्र जारी करने के अवसर पर सोनिया गांधी ने विश्वास जताया कि कांग्रेस अपने बूते बहुमत हासिल कर सरकार बनाएगी और मनमोहन सिंह दोबारा प्रधानमंत्री बनेंगे। इसके बाद सिंह ने सोनिया का आभार जताया और फिर वह देश और राजनीति से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर बोलते ही गए। इसमें वरुण गांधी से लेकर लालकृष्ण आडवाणी तक कई मसलों पर उन्होंने सटीक जवाब दिया।ड्ढr आडवाणी पर खुलकर प्रहार करते हुए सिंह ने सवाल किया - ‘उन्होंने बाबरी मस्जिद विध्वंस के अलावा देश के लिए और किया क्या है? हमारी सरकार के काम बोलते हैं कि मैं कमजोर प्रधानमंत्री हूँ या मजबूत। इनके ही समय में गुजरात में सांप्रदायिक नरसंहार हुआ।’ड्ढr डॉ.सिंह ने कहा कि आडवाणी ने सांप्रदायिक ताकतों की अगुवाई की लेकिन पाकिस्तान जाकर अचानक उन्हें पता चला कि मोहम्मद अली जिन्ना सेकुलर थे। जब वह भारत लौटे तो आरएसएस के नेताओं के दबाव में उन्हें अपना बयान बदलना पड़ा। प्रधानमंत्री ने कहा कि इसके उलट उनकी सरकार की कूटनीति के चलते ही पाकिस्तान ने पहली बार माना कि मुंबई हमले में उसके नागरिक शामिल थे। इससे पता चल जाता है कि कौन कमजोर है और कौन मजबूत।ड्ढr प्रधानमंत्री ने पीलीभीत से वरुण गांधी की उम्मीदवारी बरकरार रखने पर भाजपा पर करारे प्रहार किए। उन्होंने कहा कि नफरत की मानसिकता वाले उम्मीदवार खड़े करने वाली पार्टी देश को आगे नहीं ले जा सकती। उन्होंने कहा, ‘हमारे लिए सबसे बड़ी चुनौती सांप्रदायिकता ही है।’ मनमोहन उवाच राष्ट्र कल्याण मं उनका एकमात्र योगदान बाबरी मसिद विध्वंस मं उनकी भूमिका है।ड्ढr जब वह गृहमंत्री थे, संसद पर आतंकवादी हमला हुआ।ड्ढr लालकिल पर हमला हुआ, इंडियन एयरलाइंस का विमान अगवा हुआ और आतंकवादियों को रिहाकर उन्हं पुरस्कृत किया गया। यह है आडवाणी का रिकॉर्ड। आडवाणी ने भी खींची प्रत्यंचा प्रमुख संवाददाता मथुरा लालकृष्ण आडवाणी ने मनमोहन सिंह को अब तक का सबसे कमजोर प्रधानमंत्री करार दिया है। उन्होंने मंगलवार को कहा कि संप्रग के पाँच साल के कार्यकाल के दौरान सरकार पीएमओ से नहीं बल्कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के घर से चलती रही है। ऐसे कमजोर प्रधानमंत्री से देश के विकास की उम्मीद नहीं की जा सकती। आडवाणी ने यूपी में भाजपा और रालोद के संयुक्त चुनावी अभियान की शुरुआत मंगलवार को मथुरा में की। उन्होंने कहा-‘मैंने कई प्रधानमंत्री देखे लेकिन ऐसा कमजोर पीएम नहीं देखा।’ मथुरा से रालोद अध्यक्ष अजित सिंह के बेटे जयंत चौधरी उम्मीदवार हैं। उनके समर्थन में आडवाणी ने बसपा सरकार को सबसे भ्रष्ट और बेईमान सरकार बताया।ड्ढr रालोद अध्यक्ष अजित सिंह ने मायावती के जन्मदिन को प्रदेश का सबसे बड़ा आतंक बताते हुए बसपा सरकार की जमकर खिंचाई की। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने एलान किया कि एनडीए की सरकार बनी तो खेतीबाड़ी के सामान के लिए चार फीसदी से कम की दर पर ऋण मिलेगा। ट्रैक्टर के लिए ट्रैक्टर की कीमत के बराबर जमीन मॉर्गेज की जाएगी। भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव अरुण जेटली ने अपने संक्षिप्त संबोधन में आतंकवाद को लेकर केंद्र सरकार पर तीखे व्यंग्य किए। आडवाणी उवाच मनमोहन सिंह अब तक के सबसे कमजोर प्रधानमंत्री साबित हुए हैं. यूपीए कार्यकाल में पीएम की भूमिका नगण्य रही और 10 जनपथ सत्ता का मुख्य केंद्र रहा. कोई भी काम करने से पहले सोनिया की अनुमति ली जाती है.

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: तत: उत्तिष्ठ मनमोहन! चुनावाय कृतनिश्चय: