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वर्षा ऋतु में कंदीय पुष्प

वर्षा ऋतु में कंदीय पुष्प

यदि आपके पास जमीन है तो इन कंदों को आप कहीं पर, पौधे की ऊंचाई का ध्यान रखते हुए स्थायी रूप से दबा सकते हैं। जसे, हेलीकोनिया, जो कि केले के परिवार का है, ऊंचाई में चार-पांच फुट तक आसानी से चला जाता है। इसी प्रकार ग्लोरिओसा-सुपर्बा एक आरोही स्वभाव का पौधा है। आप उसे किसी भी झड़ी के सहारे या फिर बांस का सहारा देकर चढ़ा सकते हैं। इसके बीज का फल भी अत्यन्त सुन्दर होता है और सूखे फल आप सजावट के लिए एकत्रित कर सकते हैं। हेलीकोनिया का भी सूखा फूल दीवार पर कील पर लटका कम आकर्षक नहीं लगता। कूपेरिया व जेफरेंथस लिली के कंद एक बार आप किसी क्यारी में लगा दें तो इसके कंद अपने आप ही फैलते चले जाएंगे। इनके फूल शीत तु के फूलों की तरह एक बार न खिलकर बार-बार खिलते रहते हैं। पीले रंग के जेफरेंथस के बीज फट कर दूर-दूर तक स्वयं फैल जाते हैं और पूरे दो-तीन महीने इसके सुनहरे पीले फूल दूर-दूर तक फैले वाटिका को फूलों की घाटी बना देते हैं।

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