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सपा-राजद-लोजपा में चुनावी गठजोड़

समाजवादी पार्टी, राष्ट्रीय जनता दल और लोक जनशाक्ित पार्टी उत्तर प्रदेश और बिहार में आगामी लोकसभा चुनाव मिलकर लड़ेंगी और इसकी औपचारिक घोषणा आगामी 30 मार्च को तीनों राजनीतिक दलों के अध्यक्षों द्वारा संयुक्त रूप से किए जाने की संभावना है। सपा के महासचिव अमर सिंह ने गुरुवार को संवाददाता सम्मेलन में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सपा अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव, राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव और लोजपा अघ्यक्ष राम विलास पासवान ने मिलकर यह निर्णय लिया है, जिसके तहत सपा बिहार की 40 लोकसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़ा नहीं करेगी, जबकि राजद और लोजपा उत्तर प्रदेश की 80 लोकसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार नहीं उतारेगी। उन्होंने बताया कि तीनों नेताआें ने यह निर्णय दोनों प्रदेशों की 120 लोकसभा सीटों पर धर्मनिरपेक्ष मतों का बटवारा रोकने के लिए लिया गया है। तीनों नेता दोनों प्रदेशों में मिलकर चुनाव प्रचार भी करेंगे। सिंह ने बताया कि पासवान ने इस चौथी शक्ित की औपचारिक घोषणा 30 मार्च को करने का समय दे दिया है। अब अगर लालू प्रसाद यादव भी उस दिन के लिए तैयार हो जाते हैं तो मुलायम सिंह यादव दोनों नेताआें के साथ मिलकर 30 मार्च को इसकी घोषणा कर देंगे। यह पूछे जाने पर कि क्या इसे चौथा मोर्चा कहा जाए और अगर हां तो इसका अध्यक्ष कौन होगा? सपा महासचिव ने कहा कि इसमें नेतृत्व का प्रश्न ही नहीं है। तीनों दलों के अध्यक्ष अपने-अपने दल का नेतृत्व कर रहे हैं। हम उत्तर भारत में लोकसभा की 120 सीटों की विशाल शक्ित का बंटवारा करना नहीं चाहते। सिंह ने बताया कि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष शरद पवार से भी परसों मुलाकात हुई थी और उन्होंने मुलायम सिंह यादव से भी बातचीत की है तथा निरंतर संपर्क में हैं। उन्होंने कहा कि राकांपा नहीं चाहती है कि महाराष्ट्र में उसका सपा से टकराव हो। उन्होंने बताया कि उनके नेता अबू आजमी पवार से मिलेंगे और उनसे मुंबई के उत्तर पश्चिम सीट सपा को देने का अनुरोध करेंगे। अगर वह मान जाते हैं तो सपा महाराष्ट्र में राकांपा का सहयोग करेगी अन्यथा अपने उम्मीदवार भी चुनाव मैदान में उतारने का निर्णय प्रदेश पार्टी इकाई पर छोड़ देगी। उन्होंने बताया कि पासवान ने उत्तर प्रदेश की फतेहपुर लोकसभा सीट पर अपना उम्मीदवार उतारने की बात की थी। पर अब समझौते के तहत वह अपना उम्मीदवार वापस ले लेंगे। उल्लेखनीय है कि पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय विश्वनाथ प्रताप सिंह के पुत्र अजय सिंह हाल में लोजपा में शामिल हुए हैं और पासवान उन्हें फतेहपुर लोकसभा सीट पर चुनाव लड़ाना चाहते थे, जहां से उनके पिता सांसद रहे थे।

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