अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

इस साल एयर इंडिया को 5000 करोड़ का घाटा

इस साल एयर इंडिया को 5000 करोड़ का घाटा

एयर इंडिया को बीते वित्त वर्ष में करीब 5000 करोड़ रुपये का नुकसान होने का अनुमान है। नागर विमानन मंत्री प्रफुल पटेल ने मंगलवार राज्यसभा में टी सुब्बारामी रेड्डी और वी हनुमंत राव के एक प्रश्न के उत्तर में यह जानकारी देते हुए बताया कि एअर इंडिया ने आर्थिक मंदी के दौर में प्रतिस्पर्धा में बने रहने के लिए अपने किराए नहीं बढ़ाए हैं।

उन्होंने बताया कि हालांकि उड्डयन ईंधन की कीमत में वृद्धि को ध्यान में रखते हुए कंपनी ने 400 रुपये तक घरेलू तेल प्रभार में बढ़ोतरी की। चालू वित्त वर्ष में एयर इंडिया की उड़ानों में यात्रियों की संख्या में पिछले वर्ष की इस अवधि की तुलना में मामूली वृद्धि हुई है।

उन्होंने बताया कि घरेलू विमानन उद्योग को सहायता उपलब्ध कराने के लिए सरकार ने उड्डयन ईंधन वर आयात शुल्क को समाप्त करने के साथ ही इस पर लगने वाले बिक्री कर को कम करने के लिए राज्य सरकारों से अनुरोध किया है।

तेल कंपनियों ने उड्डयन ईंधन कीमतों की घोषणा पाक्षिक आधार पर करना शुरू किया है और एयरलाइनों की भावी मांग को पूरा करने के लिए हवाई अड्डों पर अवसंरचना तथा विमान यातायात नियंत्रण पर चालन प्रणालियों में निरंतर सुधार किया जा रहा है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:इस साल एयर इंडिया को 5000 करोड़ का घाटा