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ब्रह्मोस 2 का तीसरा परीक्षण सफल

रक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम बढ़ाते हुए भारत ने रविवार को राजस्थान के जैसलमेर की पोकरण फील्ड फायरिंग रेज में सुबह 11.15 बजे सुपर सोनिक क्रूज मिसाइल ब्रह्मोस 2 का सफल परीक्षण किया। इसके साथ ही ब्रह्मोस 2 का मिशन पूर्ण हो गया। इस अवसर पर थल सेनाध्यक्ष दीपक कपूर ब्रह्मोस के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ ए शिवथानू पिल्ले सहित कई उच्च सैन्यधिकारी और शीर्ष वैज्ञानिक उपस्थित थे। पोकरण रेंज के भोजासर क्षेत्र से दागी गई यह मिसाइल करीब 58 किमी दूर अजासर क्षेत्र में बनाए गए लक्ष्य को नष्ट करने के बाद दो सौ मीटर आगे जाकर गिर गई। इस सफलता से वहां मौजूद सैन्यधिकारियों, रक्षा अनुसंधान विकास संस्थान (डीआरडीआे) के अधिकारियों और वैज्ञानिकों ने तालियों की गड़गडाहट के बीच एक दूसरे को बधाई देकर खुशी का इजहार किया। ब्रह्मोस का 800 किलो का एक टुकडा कुंजाडली गांव में जाकर गिरा जिससे वहां गढड़ा बन गया लेकिन किसी प्रकार के नुकसान की सूचना नहीं है। ब्रह्मोस के सफल परीक्षण की पुष्टी करते हुए डीआरडीआे के निदेशक जनसम्पर्क सुरंजन पाल ने टेलीफोन पर बताया कि ब्रह्मोस 2 का बहुप्रतिक्षित मिशन सफलता पूर्वक सम्पन्न हो गया। उन्होंने कहा कि हालांकि इसका लक्ष्य काफी जटिल था लेकिन ब्रह्मोस दो के इस संस्करण में इसे सफलता पूर्वक भेद दिया। पाल ने बताया कि ब्रह्मोस का यह संस्करण सेना के जरूरतों को पूरा करने के लिए तैयार किया गया था और उन्हीं के लिए इसका प्रदर्शन किया गया था। हालांकि पहले वाले परीक्षणों में कुछ खामी थी जिसे देखते हुए इसके साफ्टवेयर को अपग्रेड कर रविवार सुबह इसका सफल परीक्षण किया गया। उल्लेखनीय है कि भारत ने पृथ्वी और अग्नि मिसाइलों के बाद रूस के साथ मिलकर ब्रह्मोस नामक इस मिसाइल को विकसित किया है। बह्मोस शब्द ब्रह्मा और मास्को से मिलकर बना है। यहां ब्रह्मा को ब्रह्मास्त्र से भी जोड़ा गया है। इस मिसाइल को नौ सेना ने सम्मिलित करने के बाद अब इसे सेना और वायुसेना ने भी शामिल करने की तैयारियां चल रही है। इसी के अन्तर्गत सेना के मांग के अनुसार इन दिनों पोकरण रेंज में ब्रह्मोस 2 के परीक्षण किए जा रहे है।

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  • Web Title: ब्रह्मोस 2 का तीसरा परीक्षण सफल