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हर मंगलवार को डिप्टी सीएम करेंगे बैठक

मानसून की दस्तक ने राज्य सरकार के कान खड़े कर दिये हैं। पिछले साल पटना के जलजमाव को लेकर हुई फजीहत से चिन्तित सरकार ने इस बार कठोर कार्रवाई करने का मन बनाया है। उपमुख्यमंत्री और फिलहाल नगर विकास एवं आवास विभाग का भी काम देख रहे सुशील कुमार मोदी ने गुरुवार को जलजमाव की समस्या को लेकर मैराथन बैठक की और सरकार के कई तंत्रों को जगाया।

अब अगले तीन महीने तक सुशील मोदी हर मंगलवार को जलजमाव पर बैठक करेंगे और साप्ताहिक मॉनिटरिंग करेंगे। उन्होंने पटना के  हर सम्प हाउस पर एक-एक मोबाइल और सुपर मोबाइल टीम गठित करने का निर्देश दिया है। जलजमाव से संबंधित सूचना संग्रह एकत्र कर तत्काल कार्रवाई करने के लिए ‘केन्द्रीय कंट्रोल रूम’ बनाने का निर्देश दिया है।

जोगीपुर एवं पहाड़ी में नया सम्प हाउस नहीं बनने के  कारण उन्होंने एक सप्ताह के अन्दर 32 एच.पी. के 10 और 22 एच.पी. के 10 अतिरिक्त मोटर पम्प की व्यवस्था करने का निर्देश दिया है। सम्प हाउस पर निर्बाध बिजली आपूर्ति करने और सभी खुले मेनहोल पर ढक्कन लगाने का भी निर्देश दिया गया है। कंकड़बाग ड्रेनेज प्रोजेक्ट का निर्माण कर रही एजेंसी एनबीसीसी ने उपमुख्यमंत्री मोदी के समक्ष भी स्वीकार किया है बरसात के पहले योजना का पूर्ण होना संभव नहीं है।

नंदलाल छपरा से पहाड़ी तक  नाला का पक्कीकरण संभव नहीं है। सेन्ट्रल स्कूल के पश्चिमी और दक्षिणी हिस्से, गायत्री मंदिर रोड, शालिमार-टैम्पु स्टैण्ड रोड, राजेन्द्र नगर रोड और अशोक नगर रोड में भी अभी 20 फीसदी नाला निर्माण बाकी है। हालांकि एनबीसीसी के अधिकारियों ने सरकार को आश्वस्त किया है कि वे पिछले साल की तरह इस बार कंकड़बाग को लोगों की फजीहत नहीं होने देंगे।

कई कच्चे नाले का निर्माण करके भी जलनिकासी करेंगे। बैठक में नगर विकास एवं आवास विभाग, बिजली बोर्ड एवं राज्य जल पर्षद के कई अधिकारी, शहर को दोनों विधायक नितीन नवीन एवं अरूण कुमार सिन्हा और पटना के मेयर और डिप्टी मेयर भी उपस्थित थे।

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  • Web Title:जलजमाव के लिए केन्द्रीय कंट्रोल रूम बनेगा