DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

18 को गोल्डमेडल और 23 को मिलेगी पीएचडी की उपाधि

बीआटी मेसरा के दीक्षांत समारोह में तीन हाार से अधिक डिग्री बांटी जायेंगी। विभिन्न फैक्लटी के 18 छात्रों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए गोल्ड मेडल से नवाजा जायेगा। 23 शोधार्थियों को पीएचडी की डिग्री मिलेगी। यह जानकारी बीबी पंत ने दी। उन्होंने बताया कि बैचलर ऑफ आर्किटेक्ट में अमृता मैत्रा, बीबीए में कृतिका मोदी, बीसीए में नम्रता अग्रवाल, बायोटेक्नोलॉजी में अमित राय, बीइ सिविल में पीयुष रोहेला, कंप्यूटर साइंस में सिद्धार्थ, इलेक्िट्रकल में अनामित्रा पॉल, इलेक्ट्रॉनिक एंड कम्यूनिकेशन में अधिकरला रवि सिद्धार्थ, आइटी में ज्योति सिंह, मैकेनिकल में जॉयव्रत रॉय, पॉलिमर में वेंकटहरा प्रदीप, होटल मैनेजमेंट में रितेश कुमार और फार्मसी में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए ऋतु कुहू को गोल्ड मेडल से नवाजा जायेगा। वहीं इंजीनियरिंग के लिए अरुण जन, एम जया भारत रड्डी, मो नाजिर हुसैन, परशुराम ठाकुर, राघवेंद्र कुमार मिश्र, राजीव कुमार, शरद चंद्र श्रीवास्तव, प्रकाश लाल और विजय पांडेय, मैनेजमेंट के लिए रीतांजलि मांझी, फॉर्मेसी के लिए अरुण कुमार मिश्र, मंजू मिश्र, रश्मि कुलश्रेष्ठ, एस वादिलियन और सौरभ वर्मा, साइंस के लिए किंगसुक बोस, लक्ष्मीकांत, रश्मि मिश्र, सौंमेंदू जाना और विजयलक्ष्मी दयाल, टेक्नोलॉजी के लिए मृणाल मिश्र, नेहा सिन्हा और राजकुमार घोटवाल को पीएचडी की डिग्री दी जायेगी। पीएचडी वायवा पर राजभवन गंभीर मामले की जांच होगीड्ढr रांची। पीएचडी रािस्ट्रेशन की नयी नियमावली लागू होने के बाद गुपचुप तरीके से लिये गये पीएचडी वायवा का मामला तूल पकड़ने लगा है। राजभवन ने भी इस मामले को गंभीरता से लिया है। जल्द ही मामले की जांच होगी और इसके दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई भी होगी। मालूम हो कि रांची यूनिवर्सिटी के पीजी हिस्ट्री डिपार्टमेंट में शनिवार को 12 लोगों का पीएचडी रािस्ट्रेशन के लिए वायवा कराया गया। इसमें विभाग के एचओडी सहित कई प्राध्यापक और यूनिवर्सिटी के अधिकारी भी शामिल थे। नयी नियमावली रांची यूनिवर्सिटी में 24 मार्च से ही लागू हो चुकी है। इसके तहत पीएचडी रािस्ट्रेशन के लिए प्रवेश परीक्षा पास करना जरूरी है। नियमावली की अनदेखी से वीसी प्रो एए खान भी नाराज हैं। फिलहाल वह दिल्ली में हैं। माना जा रहा है कि उनके लौटते ही मामले की जांच के आदेश दिये जायेंगे। रािस्ट्रार डॉ ज्योति कुमार ने कहा कि 24 मार्च के बाद कराये गये वायवा रिोक्ट कर दिये जायेंगे। रिसर्च बोर्ड की बैठक में इस मामले को रखा जायेगा।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: 18 को गोल्डमेडल और 23 को मिलेगी पीएचडी की उपाधि