DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

लो.लगा दिए लक्ष्मण मेला मैदान में पौधे

महापौर और शहर के आयोजनकर्ताआें की एक न चली। रविवार को पूरे लक्ष्मण मेला मैदान में आम के पौधे लगवा दिए गए। वन विभाग की टीम ने दिन भर कई ट्रैक्टर और ड्रिल मशीन से गड्ढे खुदवाए और करीब 50 मजदूर जुटाकर पौधे लगवाए गए। देर शाम तक मैदान पौधों से भर दिया गया और इस मैदान में भविष्य में किसी तरह के आयोजनों की सम्भावना पूरी तरह खत्म हो गई।ड्ढr प्रभागीय वन अधिकारी के नेतृत्व में रविवार को वन विभाग के अधिकारी पुलिस बल के साथ सुबह मेला स्थल पर पहुँचे। ट्रैक्टर में ड्रिल मशीन लगाकर मैदान में गड्ढे खोदे गए। साथ में मौजूद करीब 50 मजदूर और मालियों ने आम के पौधे लगाने शुरू कर दिए। पूरे मैदान पर 12-12 मीटर की दूरी पर यह पौधे लगाए गए। शाम तक लगभग ढाई सौ पौधे लग गए।ड्ढr लक्ष्मण मेला मैदान में रैली पर पहले से ही रोक थी लेकिन कई धार्मिक, सांस्कृतिक और व्यापारिक आयोजन होते थे। मैदान में पौधे लगाकर आयोजनों की रोक का विवाद कई दिन से चल रहा था। महापौर डॉ. दिनेश शर्मा और शहर की कई धार्मिक, सांस्कृतिक, साहित्यिक और वाणिज्यिक संस्थाआें ने आयोजनों पर रोक का विरोध किया था। इन संस्थाआें का कहना था कि पौधे लगाने के लिए शहर में काफी जगह पड़ी है। वहाँ पौधे लगाए जा सकते हैं। शहर के बीच में एकमात्र यही स्थान है जहाँ बड़े आयोजन हो सकते हैं। यहाँ पर आयोजनों के लिए मेला स्थल पर खुद सरकार ने करोड़ों रुपए खर्च करके छठ मेला घाट, पक्का मंच और कई निर्माण कराए थे। इन संस्थाआें ने आयोजनों पर रोक लगाने और मेला स्थल का वजूद खत्म करने का विरोध भी किया था। इसी बीच नगर निगम ने कई आयोजकों की बुकिंग निरस्त कर दी थी। अब रविवार को पूरे मैदान पर पौधे लगवा दिए।ड्ढr इस बारे में महापौर डॉ. दिनेश शर्मा का कहना है कि जनभावनाआें का विरोध कर जिस तरह लक्ष्मण मेला मैदान का वजूद खत्म किया गया है यह शहर के लिए काला दिन है। सत्ता के मद में तानाशाह सरकार ने यह निरंकुश कार्यवाही की है। सरकार के साथ इसी शहर के रहने वाले नगर विकास मंत्री भी इसके लिए जिम्मेदार हैं जिन्हें जनता की भावनाआें की कोई परवाह नहीं है। खुद जनता ही सरकार को जवाब देगी।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: लो.लगा दिए लक्ष्मण मेला मैदान में पौधे