अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

लोकतंत्र सेनानियों को सम्मान राशि न देने पर सपा-भाजपा का बहिर्गमन

आपात्काल के दौरान जेल जाने वाले ‘लोकतंत्र सेनानियों’ को राज्य सरकार द्वारा सम्मान राशि दिए जाने से इनकार करने के विरोध में समाजवादी पार्टी और भारतीय जनता पार्टी के सदस्यों ने सोमवार को जोरदार नारेबाजी करते हुए सदन से बहिर्गमन किया।ड्ढr शून्यकाल में विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष मुलायम सिंह यादव ने आपात्काल के दौरान मीसा और डीआईआर के तहत जेल में बंद किए गए लोगों को सम्मान राशि दिए जाने का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि 1में आपात्काल के विरोध में जेल जाने वाले लोगों को लोकतंत्र रक्षक सेनानी घोषित किया गया था तथा स्वतंत्रता सेनानियों की तरह एक हजार रुपए सम्मान राशि देने की घोषणा की थी। चुनावी सभाओं में मैंने यह सम्मान राशि पाँच हजार रुपए करने का वादा किया था किन्तु वर्तमान सरकार ने इसे बंद कर दिया है जबकि मध्य प्रदेश सरकार ने ऐसे लोगों को छह हजार रुपए प्रति माह सहायता राशि देनी शुरू कर दी है।ड्ढr इसी पार्टी के अम्बिका चौधरी ने कहा कि प्रदेश में एक असाधारण स्थिति पैदा हो गई है। लोकतंत्र सेनानी विधानसभा के सामने धरने पर बैठे हैं। भाजपा विधान मंडल दल के नेता आेम प्रकाश सिंह ने कहा कि यह किसी एक दल का मामला नहीं है। आपात्काल के दौरान विरोधी दलों के हजारों लोग जेल गए थे। यह आम जन का संघर्ष था। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की बहाली के लिए जेल गए लोगों के सम्मान में पहले से दी जा रही सम्मान राशि को सरकार फिर से बहाल करे। इसे बंद किए जाने का कोई तुक नहीं है। संसदीय कार्य मंत्री लालजी वर्मा ने इस सम्मान राशि को राजनीति से प्रेरित बताते हुए कहा कि इसकी शुरुआत राजनीतिक कारणों से विधानसभा चुनाव के ठीक पहले की गई थी जबकि इसके पहले तमाम अवसर ऐसे थे जब यह सम्मान किया जा सकता था।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: लोकतंत्र सेनानियों को सम्मान राशि न देने पर सपा-भाजपा का बहिर्गमन