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अरबों की सरयूघाट विस्तार परियोजना पर ग्रहण

सरयू नदी के घाटों के विस्तार एवं बंधा निर्माण की महत्वाकांक्षी परियोजना पर ग्रहण लग गया है। सिंचाई विभाग के सरयू नहर खंड की ओर से प्रस्तावित एक अरब से अधिक की इस निर्माणाधीन परियोजना पर विभाग ने अब और धन लगाने से साफ इनकार कर दिया है, जिससे घाटों के विस्तार का काम लटक गया है। विभाग ने लक्ष्मणघाट से रामपैड़ी पम्प तक प्रस्तावित तीन सौ मीटर अतिरिक्त घाट का जीर्णोद्धार कराने से भी इनकार कर दिया है। इस मामले को डीएम ने अब शासन को संदर्भित किया है।ड्ढr अयोध्या से गुप्तार घाट के बीच 10 किलोमीटर लम्बे घाटों के विस्तार एवं बंधे की इस महत्वाकांक्षी परियोजना को वर्ष 2005 में तत्कालीन सिंचाई मंत्री मुन्ना सिंह ने स्वीकृत कराया था। एक सौ पाँच करोड़ की इस परियोजना में तीन किलोमीटर लम्बे बंधे तथा छह घाटों के निर्माण के लिए लगभग 40 करोड़ की धनराशि आवंटित भी कर दी गई, जिससे गोलाघाट, ऋणमोचन घाट, राजघाट, ब्रह्मकुण्ड गुरुद्वारा घाट, प्रह्लाद घाट और पंचकोसी परिक्रमा घाट के निर्माण का कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है। इसके अलावा प्रस्तावित बंधे पर भी मिट्टी पटाई का कार्य प्रगति पर है किंतु विभाग की ओर से शेष धनराशि देने से मना कर देने के कारण गुप्तारघाट, मीरन घाट और जानकीघाट का प्रस्तावित निर्माण अधर में ही रह गया है। वहीं निर्माणाधीन जमथरा घाट का कार्य भी लटका है। विभाग ने इस परियोजना के अलावा लक्ष्मणघाट से रामपैड़ी पम्प तक प्रस्तावित तीन सौ मीटर घाट का जीर्णोद्धार कराने से भी इनकार करते हुए प्रस्ताव वापस भेज दिया है। सरयू नहर खंड ने इसके लिए 6 करोड़ 6लाख की योजना प्रस्तावित की थी। इसकी पुष्टि करते हुए सरयू नहर के सहायक अभियंता मुकेश गुप्त ने बताया कि शुक्रवार को प्रमुख अभियंता कार्यालय से मिली जानकारी के मुताबिक तीन सौ मीटर अतिरिक्त घाट के जीर्णोद्धार का कार्य पर्यटन विभाग अथवा अयोध्या-फैजाबाद विकास प्राधिकरण की ओर से धन मिलने पर ही कराना सम्भव होगा। लक्ष्मणघाट से रामपैड़ी पम्प तक घाट के जीर्णोद्धार का प्रस्ताव जिला प्रशासन के निर्देश पर विभाग को भेजा गया था।ड्ढr सहायक अभियंता श्री गुप्त ने बताया कि सिंचाई विभाग की ओर से इस महत्वाकांक्षी परियोजना की स्वीकृति इस प्रतिबंध के साथ की गई थी कि परियोजना की धनराशि पर्यटन विभाग अथवा अयोध्या-फैजाबाद विकास प्राधिकरण की ओर से प्रदान की जाएगी। बताया जाता है कि गुप्तारघाट, मीरनघाट व जानकी घाट विस्तार की योजना 53.54 लाख की है। इस सम्बन्ध में पर्यटन विभाग ने पूरी तरह हाथ खड़ा कर दिया है। सूत्र बताते हैं कि उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग का पूरे वर्ष का बजट सौ करोड़ भी नहीं है। इस स्थिति में 53.54 करोड़ की राशि विभाग कैसे वहन करेगा। उधर अयोध्या-फैजाबाद विकास प्राधिकरण की हैसियत 10-20 लाख से अधिक की नहीं है।

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  • Web Title: अरबों की सरयूघाट विस्तार परियोजना पर ग्रहण