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अब इन्टरनेट पर होंगे शहर के १०२२ पार्क

शहर के पार्क अब इन्टरनेट पर होंगे। हर माह स्थलीय निरीक्षण करके इनका ब्योरा ‘अपडेट’ किया जाएगा। अवैध कब्जों और उनकी हालत पर नजर रखने के लिए नगर निगम यह व्यवस्था करने जा रहा है। हालत सुधारने के लिए हर पार्क में एक सबमर्सिबल पम्प लगेगा और 250 मालियों की भी तैनाती की जाएगी।ड्ढr पाकरे की दुर्दशा और अवैध कब्जे हमेशा ही नगर निगम के लिए एक समस्या रही है। शहर सीमा में नगर निगम के 1022 पार्क हैं। इनको लेकर हमेशा ही शिकायतें आती रहती हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए जल्द ही नगर निगम नई व्यवस्था करने जा रहा है। नगर आयुक्त शैलेश कुमार सिंह ने बताया कि इस बाबत प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। इसी माह के अन्त में होने वाली कार्यकारिणी और उसके तत्काल बाद होने वाली सदन की बैठक में यह प्रस्ताव रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि इन्टरनेट पर सभी पाकरे का हाल उपलब्ध रहने से नगर निगम के स्थानीय कर्मचारी और इंजीनियर गुमराह नहीं कर पाएँगे। इसके लिए एक अलग टीम होगी जो हर माह भौतिक सत्यापन कर पाकरे का ब्योरा ‘अपडेट’ करेगी। इस समय नगर निगम के पास 205 माली और 17 हेड माली हैं। इनके अलावा 250 माली और भर्ती किए जाएँगे। इससे हर दो पार्क पर एक माली हो जाएगा। बड़े पाकरे में सबमर्सिबल पम्प पहले से हैं। अब हर पार्क में एक हॉर्स पावर का पम्प लगवाया जाएगा। एक पम्प पर 20-25 हजार रुपए का खर्च आएगा। हर इलाके में जन कल्याण समितियाँ हैं। उनसे सहयोग लिया जाएगा। यह समितियाँ और माली मिलकर पाकरे की देखभाल कर लेंगे। श्री सिंह ने बताया कि इस साल हमने लक्ष्य से अधिक कर वसूली की है। नए साल में शुरू के दो-तीन माह वसूली की व्यस्तता कम होगी। इसमें नियोजन पर अधिक ध्यान दिया जाएगा।ंं

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