अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

बीपीएल को शौचालय के लिए 17 सौ अनुदान

बीपीएल परिवार को शौचालय बनाने के लिए 17 सौ रुपये अनुदान के रूप में मिलेंगे। इसमें 11 सौ रुपये राज्य सरकार और तीन सौ रुपये केन्द्र सरकार देगी। इसके अलावा लाभार्थी के श्रम के रूप में योगदान तीन सौ रुपये का होगा। गरीबी रेखा से ऊपर के परिवारों के लिए केन्द्र का कोई अनुदान नहीं है। लिहाजा राज्य सरकार ने अपने बजट से उन्हें 15 सौ रुपये प्रति शौचालय अनुदान देने का निर्णय लिया है।ड्ढr ड्ढr पांच सौ रुपये श्रम के तौर पर लाभार्थी को वहन करना होगा। यह जानकारी उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने दी। वे मैला ढोने की प्रथा से मुक्त कराई गई मेहतर समाज की 22 महिलाआें को संबोधित कर रहे थे। ये सभी महिलाएं राजस्थान की अलवर निवासी हैं और इन्हें सुलभ इंटरनेशनल ने भंगी कार्य से मुक्ित दिलाकर शिक्षित बनाया है। अब इन्हें ब्यूटीशियन, अचार-पापड़ निर्माण व सिलाई-बुनाई का प्रशिक्षण दिलाकर स्वरोजगार से जोड़ा गया है। डा. विन्देश्वर पाठक के नेतृत्व में ये महिलाएं श्री मोदी से मिलने उनके आवास पर पहुंची थीं।ड्ढr ड्ढr श्री मोदी ने महिलाआें को बिहार में चल रहे लोहिया स्वच्छता कार्यक्रम की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में युद्ध स्तर पर टिकाऊ शौचालय बनवाने का संकल्प लिया है। राज्य सरकार बहुत जल्द शहरी क्षेत्र में भी शुष्क शौचालयों के बदले पक्के शौचालयों के निर्माण के लिए इंटीग्रेटेड लो कॉस्ट सैनिटेशन स्कीम (आईएलसीएसएस) की शुरुआत करेगी। उपमुख्यमंत्री ने न्यूयार्क में आयोजित एक कार्यक्रम में भाग लेने जा रहीं इन महिलाआें को बधाई दी। इन महिलाआें में से एक लक्ष्मी नंदा ने अपनी कविता भी सुनाई। इस अवसर पर पूर्व मंत्री नरसिंह बैठा, सुलभ इंटरनेशनल के मानद अध्यक्ष आई.सी. कुमार, श्रीमती अमोला पाठक, मृत्युंजय झा, रामचंद्र झा और प्रो. एस.एन. त्रिपाठी आदि मौजूद थे।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: बीपीएल को शौचालय के लिए 17 सौ अनुदान