DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

‘स्थानीय लोगों के अनुकूल हो विकास का खाका’

झारखंड में विकास खाका इस तरह खींचा जाना चाहिए कि स्थानीय लोगों के विचार उससे मेल खायें। यह बात झारखंड वैकल्पिक विकास मंच के तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय सेमिनार में वक्ताओं ने कही। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि वैसी ही तकनीक का उपयोग किया जाये, जो यहां के अनुकूल हो। जब तक बीमार कल-कारखानों का पुनरुद्धार न हो जाये, तब तक नये उद्योग नहीं लगाये जायें। सेमिनार दो सत्रों में पूरा हुआ। विस्थापन विरोधी एकता मंच के अरविंद अंजुम ने कृषि के विकास की वकालत की। प्रो रमेश शरण ने विकास के लिए पंचवर्षीय योजना की तरह ही पीपुल्स प्लानिंग तैयार करने का सुझाव दिया। अध्यक्षता बीपी केसरी और वासवी ने की। पीपी वर्मा ने कार्यक्रम का संचालन किया। ए एक्का, आरपी शाही, रांीत टिबड़ेवाल और एसके अग्रवाल ने सेमिनार के आयोजन में योगदान दिया।ड्ढr संसाधनों पर स्थानीय लोगों का हक होड्ढr प्रख्यात गणितज्ञ डॉक्टर बनवारी लाल शर्मा ने सेमिनार में उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए वैकल्पिक विकास की संभावना के लिए यह जरूरी बताया कि संसाधनों पर स्थानीय लोगों का हक हो और वही तय करं कि संसाधनों का कैसे उपयोग हो। उन्होंने खेद प्रकट कर किया कि दुनिया में अभी बहुराष्ट्रीय उपनिवेशवाद छाया हुआ है, जिससे मुक्त होना जरूरी है।ड्ढr माछ-चास-गाछ से होगा विकासड्ढr झारखंड का विकास माछ-मछली पालन, चास-सिंचाई और गाछ यानि पेड़ से ही हो सकता है और इसी को केंद्रित कर तरक्की की नीतियां बननी चाहिए। सुवर्णरखा परियोजना में विस्थापितों के लिए संघर्षरत अरविंद अंजुम ने कहा कि गलत का विरोध जरुरी है लेकिन नये समाज की रचना का भी सूत्रपात होना चाहिए। उन्होंने जानकारी दी कि विस्थापितों की सहकारी समिति ने सुवर्णरखा डैम में पर्यटकों को नौकायन की सुविधा देकर सात लाख रुपये अर्जित किया है। वहीं मछली पालन के लिए राज्य सरकार को 73 लाख की रायल्टी भी दे रहे हैं।ड्ढr इधर बताया गया कि हाारीबाग जिला में बड़कागांव प्रखंड का हरली गांव 26 अप्रैल को बिजली के मामले में आत्मनिर्भर हो जायेगा। डॉक्टर मिथिलेश कुमार डांगी ने देशज तकनीक से उस गांव में साढ़े सात किलोवाट बिजली उत्पादन की क्षमता का एक माइक्रो थर्मल पावर प्लांट स्थापित कर दिया है। डॉ डांगी ने प्लांट के उद्घाटन के मौके पर 26 अप्रैल को सभी लोगों को हरली गांव में आमंत्रित किया है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: ‘स्थानीय लोगों के अनुकूल हो विकास का खाका’