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कोड़ा सरकार के दलित प्रेम का राज!

अरसे बाद झारखंड की किसी सरकार ने दलित समाज के लिए दिल खोलकर रख दिया। अंबेदकर जयंती के मौके पर राजधानी में आयोजित मुख्य समारोह में मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने जिस ढंग से घोषणाओं की झड़ी लगा दी, उसे देखकर हर कोई सोचने पर विवश है। समारोह में राज्यपाल भी मौजूद थे। महामहिम ने सीएम की घोषणाओं पर उनकी भूरि-भूरि प्रशंसा भी की। सीएम ने झारखंड में 85वां संविधान संशोधन को शत-प्रतिशत लागू करवाने, राजधानी में 2500 क्षमता का अंबेदकर ऑडिटोरियम व अंबेदकर कॉलोनी बनवाने और युवाओं को स्वरोगार देने के लिए अंबेदकर सहायता योजना लागू करने की घोषणा की है।ड्ढr सरकार के अंदर अचानक उमड़े इस दलित प्रेम को देखकर सभी अचंभे में हैं। राजनीतिक हलके में इसे दलित प्रेम नहीं सरकार का ‘कांग्रेस प्रेम’ बताया जा रहा है। दरअसल कांग्रेस के एजेंडे में अभी दलित समाज सबसे ऊपर है। कांग्रेस के युवराज देश भ्रमण पर निकले हैं। अपने दौर के क्रम में वह दलित समाज के साथ विशेष सानिध्य बनाने में जुटे हैं।ड्ढr राहुल गांधी तीसर सप्ताह झारखंड के दौर पर आनेवाले हैं। कांग्रेस के अल्टीमेटम से एसे ही कोड़ा सरकार के दिन अच्छे नहीं गुजर रहे हैं। एसे में सरकार के रणनीतिकारों का मानना है कि कांग्रेस को खुश रखने के लिए इससे अच्छा अवसर क्या हो सकता था। युवराज स्वंय चलकर आ रहे हैं , वह भी नजदीक से सबकुछ अपने से देख सुन लेंगे। सो सरकार ने जी भरकर घोषणाओं का पिटारा खोलकर रख दिया।ड्ढr झारखंड की राजधानी में पहले भी अंबेदकर जयंती मनती रही है। पर कभी सरकारी स्तर पर एसी लाभकारी घोषणाएं नहीं हुईं। इस बार लोग एसी घोषणाओं के पीछे का राज ढूंढ़ने में लगे हैं। सोमवार को राजधानी में विभिन्न स्थानों पर बाबा साहब भीमराव अंबेदकर की जयंती मनायी गयी और उनके बताये मार्ग पर चलने का आह्वान किया गया।ड्ढr मुख्य समारोह में सीएम मधु कोड़ा ने की घोषणाएं की। कार्यक्रम का आयोजन अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कर्मचारी संघ ने किया। कार्यक्रम में उपाधीक्षक महेश पासवान, बीएड कॉलेज के प्राचार्य देवनाथ राम, सुदर्शन प्रसाद, कैलाश पासवान, एस किड़ो, बाबूजी सोरन, प्रभात रांन समेत कई लोग उपस्थित थे।ड्ढr भाजपा अनुसूचित मोरचा ने बाबा साहब की जयंती को आरक्षण बचाओ दिवस के रूप में मनाया। महानगर कार्यालय में आयोजित समारोह में भाजपा महानगर अध्यक्ष गामा सिंह, मोरचा के अध्यक्ष लखुराम बाल्मीकि, भीम प्रभाकर, कमलजीत सिंह संटी, राजेश कुमार राक आदि उपस्थित थे।ड्ढr प्रदेश कांग्रेस द्वारा आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रदेश उपाध्यक्ष हरिराम ने की। समारोह में वक्ताओं ने कहा कि दलित परिवार में जन्मे बाबा साहब ने जाति प्रथा के खिलाफ लंबा संघर्ष किया। कार्यक्रम में आलोक कुमार दुबे, मदन मोहन शर्मा, प्रदीप तुलस्यान, अमर उरांव, विनय सिन्हा दीपू, हरिहर मल्लिक आदि उपस्थित थे।ड्ढr भुइयां समाज ने बाबा साहब की जयंती मनाते हुए उनके दिखाये मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। समाज की ओर से हाइकोर्ट के समीप समारोह का आयोजन किया गया। इसमें राजेश राम, जगदेव राम, शंकर राम, कोचो छेत्री, सीता देवी, सुनीता देवी, शिबू राम, किशोर राम, अमित राम और मो महमूद समेत कई लोग उपस्थित थे।ड्ढr झारखंड प्रदेश दलित सेना के कार्यकर्ताओं ने भी बाबा साहब को श्रद्धांजलि अर्पित की।ड्ढr झारखंड प्रदेश पिछड़ा वर्ग महासभा कार्यालय में आयोजित समारोह में उपस्थित लोगों ने बाबा साहेब के बताये मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। एक प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार से न्यायपालिका में पिछड़े दलितों को आरक्षण देने की मांग की गयी। समारोह में डॉ विजय प्रकाश, एपी यादव, प्रकाश चंद्र गौतम, अजीत कुमार सिंह, गोपाल पांडेय, विनय कुमार आदि उपस्थित थे।

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  • Web Title: कोड़ा सरकार के दलित प्रेम का राज!