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माओवादियों का देशव्यापी बंद, छिटपुट हिंसा

बिहार में प्रतिबंधित भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (माआेवादी) उग्रवादियों के बुधवार को 24 घंटे के रायव्यापी बंद के दौरान कुछ छिटपुट घटनाआें को छोड़कर कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है। राय पुलिस मुख्यालय के सूत्रों ने बताया कि माआेवादियों ने बंद के दौरान मंगलवार देर रात औरंगाबाद जिले में पूर्व मध्य रेलवे के गया-डेहरी रेल खंड पर सेसर स्टेशन के सहायक प्रबंधक डीपी विश्वकर्मा को बंधक बना लिया और एक घंटे के बाद उन्हे मुक्त कर दिया। इस दौरान उग्रवादी वहां आप और डाऊन मार्गो के कई स्थानों पर लगे फिश प्लेट को खोल दिया, जिसके कारण इस रेल खंड पर रेल यातायात लगभग पांच घंटे तक बाधित रहा। सूत्रों ने बताया कि फिश प्लेट खोले जाने के कारण इस मार्ग पर 2440, 2314 और 2302 डाऊन राजधानी एक्सप्रेस समेत कई प्रमुख ट्रेने विभिन्न स्टेशनों पर रूकी रही। रेलवे के अभियंताओं के नेतृत्व में एक दल मौके पर पहुंच कर मरम्मती की और उसके बाद सुबह पांच बजे से यातायात सामान्य हो गया। इस बीच उग्रवाद प्रभावित औरंगाबाद से प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार बंद के कारण जीटी रोड समेत कई मुख्य मार्गो पर बड़े वाहनों का परिचालन पर असर पड़ा है। इसके अलावा जिले में माआेवादियों के प्रभाव वाले इलाकों में उनके बंद का खासा असर देखा जा रहा है और दुकानें बंद है तथा वाहनों का भी परिचालन नहीं हो रहा है। रेलवे सूत्रों ने बताया कि सोननगरगढ़वा रेल खंड पर सुरक्षा के मद्देनजर पटनापलामू एक्सप्रेस समेत छह से अधिक सवारी गाड़ियों को रद्द कर दिया गया है वहीं कुछ ट्रेनों को मार्ग परिवर्तित कर चलाया जा रहा है। माआेवादियों के बंद को देखते हुए बिहार और झारखंड की सीमा तथा उग्रवाद प्रभावित इलाकों में कड़ी चौकसी बरती जा रही है साथ ही संवेदनशील स्थानों एवं सार्वजनिक स्थलों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है। उल्लेखनीय है कि माआेवादियों ने झारखंड के गढ़वा जिले के बांदू में पुलिस-उग्रवादी मुठभेड़ को फर्जी तथा संगठन के समर्थकों की हत्या को नरसंहार बताया है और इसके विरोध में बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल,उड़ीसा और छत्तीसगढ़ में बुधवार को 24 घंटे बंद का आह्वान किया है।ं

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