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नंदीग्राम में फिर भड़की हिंसा

पंचायत चुनाव के ठीक पहले पूर्वी मेदिनीपुर जिले का नंदीग्राम फिर हिंसा की चपेट में आ गया है। नंदीग्राम के सातेंगाबाड़ी और जामबाड़ी में सोमवार को दिनभर सत्तारुढ़ माकपा और विपक्षी भूमि उच्छेद प्रतिरोध कमेटी के समर्थकों के बीच जमकर गोलीबारी और बमबाजी हुई। इसमें दस लोग घायल हो गए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जिला पुलिस अधीक्षक एस पांडा ने बताया कि दोनों पक्षों के समर्थकों के बीच पिछले पांच दिनों से संघर्ष चल रहा है। इन संघर्षो में अब तक 35 लोग घायल होकर अस्पताल में भर्ती हुए हैं। भूमि उच्छेद प्रतिरोध कमेटी के नेता अबू ताहेर ने ‘हिंदुस्तान’ से बातचीत में सोमवार को आरोप लगाया कि नंदीग्राम में माकपा कैडरों की सशस्त्र वाहिनी गांव-गांव घूमकर भूमि उच्छेद प्रतिरोध कमेटी के समर्थकों को इलाके से खदेड़ रही है, ताकि 11 मई को होनेवाले पंचायत चुनाव में विपक्षी समर्थक इलाके में नहीं रह पाएं और माकपा अपनी जीत सुनिश्चित कर सके। कई विरोधियों के घर लूट भी लिए गए हैं। पूर्वी मेदिनीपुर जिला परिषद का चुनाव लड़ रहे पीयूष भुइया के नेतृत्व में सोनाचुड़ा, कालीचरणपुर,गोकुलनगर, जामबाड़ी और सिमुलकुंडू के प्राय: एक हजार खदेड़े गए बाशिंदे सोमवार को नंदीग्राम थाने के बाहर बेमियादी धरने पर बैठ गए। नंदीग्राम के बीडीओ ने स्वीकार किया कि इलाके के 500 लोग महेशपुर प्राइमरी स्कूल और नंदीग्राम बीडीओ ऑफिस के पास बने शिविरों में आश्रय लिए हुए हैं। इस बीच, नंदीग्राम में पंचायतों का चुनाव लड़ रहे 32 विपक्षी उम्मीजवारों ने सोमवार को कोलकाता स्थित राज्य चुनाव आयोग के दफ्तर के सामने प्रदर्शन किया और मुख्य चुनाव अधिकारी को ज्ञापन देकर इलाके में माकपा के हमले रुकवाने और केंद्रीय बल व चुनाव आयोग की विशेष निगरानी में नंदीग्राम में पंचायत चुनाव कराने की मांग की। प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष प्रियरंजन दासमुंशी ने भी आरोप लगाया कि नंदीग्राम में माकपा ने सीआरपीएफ को भी निष्क्रिय कर रखा है।ं

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