अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

खाद्य विभाग में सीएमओ पद में आरक्षण न देने का मामला गहराया

खाद्य विभाग में मुख्य विपणन अधिकारी (सीएमओ) के पद पर आरक्षण देने की माँग तूल पकड़ रही है। कोलकाता में स्थानिक प्रतिनिधि के पद पर तैनात अधिकारी सरयू प्रसाद ने प्रमुख सचिव खाद्य से लेकर उत्तर प्रदेश राज्य अनुसूचित जाति अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष को पत्र लिखकर सीएमओ का एक पद आरक्षित करने की माँग की है।ड्ढr श्री प्रसाद द्वारा आयोग को दी गई जानकारी के मुताबिक खाद्य विभाग में अभी तक मुख्य विपणन अधिकारी का एक पद था। लेकिन पिछल दिनों शासन ने एक आदेश जारी कर दिया कि मुख्य विपणन अधिकारी बसन्त लाल सिंह के अलावा मुख्यालय में तैनात संभागीय खाद्य नियंत्रक को भी मुख्य विपणन अधिकारी पदनाम से जाना जाएगा। सरयू प्रसाद का कहना है कि शासन द्वारा दूसर अधिकारी को मुख्य विपणन अधिकारी का पदनाम दिए जाने से स्पष्ट है कि मुख्यालय में मुख्य विपणन अधिकारी के एक से अधिक पद हैं। क्योंकि यदि पद नहीं हैं तो पदनाम कैसे दिया जा सकता है। श्री प्रसाद के मुताबिक आरक्षण नीति के तहत एक से अधिक पद होने पर अनुसूचित जाति अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षण का नियम लागू होगा और मुख्य विपणन अधिकारी का एक पद अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित करना होगा। अगर ऐसा नहीं होता है तो इसे अनुसूचित जाति-जनजाति के लोगों को उनके संवैधानिक अधिकार से वंचित किया जाना माना जाएगा।ड्ढr श्री प्रसाद ने प्रमुख सचिव खाद्य से मुख्य विपणन अधिकारी के एक पद पर तत्काल अनुसूचित जाति अनुसूचित जनजाति के किसी अधिकारी की तैनाती की माँग की है। जिससे सामान्य वर्ग का कोई अधिकारी आरक्षित पद का उपयोग न कर सके। उधर, खाद्य विभाग के अधिकारियों के मुताबिक सीएमओ का कोई नया पद सृजित नहीं हुआ है सिर्फ पदनाम दिया गया है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: खाद्य विभाग में सीएमओ पद में आरक्षण न देने का मामला गहराया