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गुर्जर आंदोलन : बैंसला और वसुंधरा अड़े

राजस्थान सरकार और गुर्जर नेता वार्ता की जगह को लेकर अड़ गए हैं। राज्य सरकार ने कर्नल बैंसला का बयाना में बातचीत का प्रस्ताव ठुकरा दिया है। इधर बैंसला ने भी साफ कर दिया है कि वह जयपुर नहीं जाएंगे। हालांकि भाजपा प्रवक्ता प्रकाश जावड़ेकर का कहना है कि सरकार को गुर्जर नेताओं की ओर से ऐसी कोई चिट्ठी नहीं मिली है। उन्होंने उम्मीद जताई है कि गुर्जर नेता आपस में विचार-विमर्श कर जयपुर बातचीत के लिए आएंगे। उधर, दौसा जिले के सिकंदरा में रखे 20 शवों की शनिवार को अंत्येष्टि कर दी गई। कांग्रेस सांसद सचिन पायलट और अवतार सिंह भड़ाना ने भी अंत्येष्टि में भाग लिया। सिकंदरा के गुर्जरों ने बिना पायलट के अंत्येष्टि करने से मना कर दिया था। इस बीच, केन्द्र ने राजे सरकार को लिखकर सूचित किया है कि गुर्जरों को आरक्षण देने के मसले पर पहल उसे ही करनी होगी। जनजातीय मंत्री पी आर किंडिया ने कानूनी राय का हवाला देते हुए राजे को पत्र लिखा है कि संविधान के मुताबिक राज्य अगर जरूरत समझे तो घुमंतू जातियों के दायर में आने वाले समुदायों को आरक्षण दे सकते हैं। लेकिन इसके लिए राज्यों को बाकायदा आंकड़े जुटाकर साक्ष्य देने होंगे कि क्यों किसी समुदाय को किसी विशिष्ट जाति के दायर में माना जाए।

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