DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

लोकसभा चुनाव और लग्न साथ-साथ

जमशेदपुर, रंजीत सिंह। लोकसभा चुनाव की घोषणा होने से सबसे ज्यादा परेशान वैसे लोग हैं, जिनके घरों में शादी होने वाली है। साथ ही रिश्तेदारों को भी शादियों में भाग लेने में मशक्कत करनी पड़ेगी। लौहनगरी में बिहार, उत्तर प्रदेश, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और अन्य राज्यों के लोग बड़ी संख्या में रहते हैं। अप्रैल और मई में लोकसभा चुनाव के लिए बसों का अधिग्रहण कर लिया जाएगा।

इसके चलते दूसरे राज्यों में रहने वालों के पास सिर्फ एक विकल्प रेल ही बचेगी। चुनाव के दौरान दस दिन लग्न लोकसभा चुनाव 7 अप्रैल से शुरू होकर 12 मई तक चलेंगे। इस दौरान 10 दिन लग्न हैं। बिहार, ओडिशा और पश्चिम बंगाल के बहुत से ऐसे क्षेत्र हैं, जहां सिर्फ बस ही आने-जाने का एकमात्र साधन है। ऐसे में बसों के न चलने पर लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। नहीं हो रही बुकिंगकोणार्क बस सेवा के प्रबंधक अमरेंद्र कुमार का कहना है कि अप्रैल से 15 मई तक बसों की बुकिंग नहीं हो रही है।

कारण बिहार, पश्चिम बंगाल और ओडिशा जाने वाली बसों को कई जिलों को पार कर अपने गंतव्य तक जाना पड़ता है। चुनाव के दौरान रास्ते बंद कर दिए जाते हैं, जिससे कोई भी बस मालिक खतरा नहीं लेना चाहता। शादियों के लिए शुभ मुहूर्तअप्रैल में 18, 19, 21 व 22 और मई माह में 1, 2, 7, 8, 15, 17, 18, 19, 24, 25 व 30। जमशेदपुर और सिंहभूम में 17 अप्रैल को लोकसभा चुनाव के लिए वोट पड़ेंगे, जबकि 18 अप्रैल को लग्न है।

ऐसे में जिनके घरों में 18 अप्रैल को शादी-विवाह की तिथि तय हुई है उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। ग्रामीण क्षेत्रों में गर्मी में सबसे ज्यादा शादियां ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोग सबसे ज्यादा शादियां होली के बाद करते हैं। लोगों ने पांच-छह महीने पहले ही शादी की तिथियां तय कर ली हैं। ऐसे में चुनाव की तिथि की घोषणा होने से ग्रामीण क्षेत्रों में हो रही शादियों में भाग लेने वाले लोगों के रशि्तेदारों को परेशानी का सामना करना पड़ेगा।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:लोकसभा चुनाव और लग्न साथ-साथ