DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

कैमूर में लगेगा संयंत्र

ाापान सरकार के जे पावर कंपनी के विशेषज्ञों की टीम ने बुधवार को अधौरा के हदियादह-दुर्गावती में जल विद्युत संयंत्र लगाने के लिए स्थल का अध्ययन किया। जे पावर के निदेशक एस कोण्डो के नेतृत्व में आई टीम में कंपनी के डिप्पी डायरक्टर त्सुयोशी नाकाहटा, असिस्टेंट मैनेजर ताडाशी अमानो, स्टाफ असिस्टेंट मैनेजर अकिरा इरिए तथा इलेक्िट्रक इांीनियर त्सुयोशी तनाका शामिल हैं।ड्ढr ड्ढr टीम के साथ चल रहे बीएचपीसी के अधीक्षण अभियंता अनिल कुमार ने बताया कि उक्त संयंत्र के स्थापित हो जाने के बाद यहां से 16 सौ मेगावाट बिजली का उत्पादन हो सकेगा, जिससे क्षेत्र में उद्योग लगाने के ही आसार नहीं बढ़ेंगे, अपितु दूसरी जगह भी बिजली की आपूर्ति करने की संभावनाएं बढ़ जाएगी। पूछने पर उन्होंने बताया कि एक मेगावाट बिजली उत्पादन में छह करोड़ रूपए की लागत राशि आती है। इस प्रकार इस संयंत्र को स्थापित करने में लगभग दस हाार करोड़ रूपए व्यय होने की संभावना है। जहां पर परियोजना लगना है वहां की संपूर्ण प्रभावित भूमि वन या राजस्व भूमि है। यह पूछने पर कि कहीं दुर्गावती जलाशय परियोजना की तरह यह परियोजना भी नियमों के जाल में तो नहीं फंस जाएगी के जवाब में उन्होंने कहा कि वर्ष 2000 में ही वन भूमि अपयोजन (फारस्ट क्लीयरंस) के लिए वन विभाग को आवेदन दिया गया है। लेकिन, इस दिशा में अभी तक किसी तरह के कदम नहीं उठाए गए हैं, जबकि आवेदन मुख्य वन संरक्षक के यहां से होकर केंद्र सरकार को भ्ेाजा जाना है। टीम ने एक-एक आवश्यक बिन्दुओं का अध्ययन किया। टीम को बीएचपीसी के अधिकारियों के अलावे विधायक प्रतिनिधि सुरंद्र सिंह, समाजसेवी भोला सिंह यादव इत्यादि भी मौजूद थे।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: कैमूर में लगेगा संयंत्र