अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

पेट्रोल,डीजल पम्पों की जाँच की नई व्यवस्था

प्रदेश सरकार ने पेट्रोल एवं डीजल पम्पों की जाँच की नई व्यवस्था की है। इसके तहत पेट्रोल पम्पों एवं डीजल पम्पों का निरीक्षण एक टीम करेगी जिसका नेतृत्व जिलापूर्ति अधिकारी या एक्जीक्यूटिव मजिस्टट्र से कनिष्ठ श्रेणी का अधिकारी नहीं होगा। जाँच टीम में तेल कम्पनी के अधिकारी भी शामिल रहेंगे। इसके साथ ही सरकार ने मोटर स्प्रिट हाई स्पीड डीजल में अपमिश्रण, घटतौली, अनधिकृत भण्डारण एवं अन्य अनियमितताओं पर पम्पों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।ड्ढr यह जानकारी देते हुए प्रमुख सचिव खाद्य जैकब थामस ने बताया कि केन्द्र सरकार द्वारा स्वीकृत मार्केटिंग गाइडलाइन 2005 के लागू हो जाने के कारण शासन द्वारा नए निर्देश जारी किए गए हैं। उन्होंने बताया कि इसके तहत पम्पों के निरीक्षण के दौरान पेट्रोल एवं डीजल की डेंसिटी एवं फरफ्यूराल टेस्ट किया जाएगा। किसी टेस्ट के फेल होने पर उस पदार्थ का नमूना लैब में विश्लेषण के लिए भेजा जाएगा। टेस्ट फेल होने की दशा में मीटर रीडिंग तथा टैंक डिप रीडिंग को रिपोर्ट में दर्ज करते हुए जाँच की प्रक्रिया पूरी होने तक पम्प के सभी पदार्थो की बिक्री एवं आपूर्ति तत्काल निलंबित कर दी जाएगी। टेस्ट फेल होने पर पदार्थ का नमूना 10 दिन के अन्दर प्रयोगशाला में भेजा जाएगा तथा 20 दिन के अन्दर उसकी टेस्टिंग करा ली जाएगी। नमूने लेने की प्रक्रिया भी निर्धारित कर दी गई है।ड्ढr ड्ढr ं

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: पेट्रोल,डीजल पम्पों की जाँच की नई व्यवस्था