DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

घर पर केजरीवाल का यूटर्न, नहीं लेंगे बड़ा घर

नई दिल्ली, वरिष्ठ संवाददाता

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आलीशान बंगले लेने से इंकार कर दिया है। इसके पीछे तर्क यह दिया जा रहा है कि आम जनता से आए सुझावों के बाद यह निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री के लिए भगवान दास रोड़ पर तैयार किए जा रहे थे। अब दिल्ली सरकार के अधिकारियों को नई दिल्ली क्षेत्र में ही घर तलाशने के आदेश दिए गए हैं।

हालांकि आम आदमी पार्टी के नेताओं ने सरकार बनाने से पहले तर्क दिया था कि वे आलीशान बंगलों में नहीं रहेंगे। बाद में जब इन बंगलो को लेने की बारी आई तो मुख्यमंत्री ने खुद कहा कि इससे काम करना और जनता से मिलना आसान हो जाएगाा। इसलिए दो बंगले लिए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस घर में मैं रहने जा रहा था उस घर में सरकार के वरिष्ठ अधिकारी रहे हैं। आम जनता की भावना को देखते हुए मैने वहां नहीं जाने का निर्णय लिया है।

जनता ने जो वशि्वास जताया है वह टूटना नहीं चाहिए। इसके लिए वे आगे भी काम करते रहेंगे। आम आदमी पार्टी के नेताओं के द्वारा बंगले व गाडिम्यां लेने के निर्णय के साथ ही विरोधी पार्टियों ने इन नेताओं को घेरना शुरू कर दिया था। इस पर आरोप लगाए जा रहे थे कि इन नेताओं की कथनी और करनी में फर्क हैं इसलिए अब एक के बाद एक पार्टी अपनी नीतियों से बदल रही है। इस वजह से पार्टी की काफी फजीहत हुई थी।

जिसके बाद इस पर यू टर्न लेना पड़ा। अब विभााग ने मुख्यमंत्री के आदेशों के बाद अब छोटा घर तलाशना शुरू कर दिया है। क्या कहते हैं मुख्यमंत्रीजहां मैं शिफ्ट हो रहा था वहां काफी विवाद था। जनता से भी फोन व संदेश आए हैं। इसके बाद मैने दोनों घर छोड़ने फैसला लिया है। इसके अतिरिक्त अधिकारियों को कहा गया है कि वे मेरे लिए छोटा घर तलाश करें। : अरविंद केजरीवाल, मुख्यमंत्री दिल्ली। कहां तैयार हो रहे थे बंगलेभगवानदास रोड पर दिल्ली विकास प्राधिकरण के बंगले हैं।

इन दोनों डुप्लेक्स में अरविंद केजरीवाल को शिफ्ट होना था। मुख्यमंत्री के फैसले के बाद विभाग ने इन्हें चमकाने के लिए भी तैयारियां शुरू कर दी थी। खाली होंगे मंत्रियों के घरदिल्ली सरकार ने सिविल लाइन व अंडर हिल रोड़ के नजदीक मंत्रियों के लिए नए घर तैयार किए गए थे। इन घरों का आवंटन अभी तक पुराने नेताओं के पास है। इस घर में 4 बेडरूम, एक ड्राइंग रूम एक ऑफिस है। सिविल लाइन में 4 और अंडर हिल रोड़ में 2 मंत्रियों के घर है।

इसके अतिरिक्त विधानसभा के नजदीक ही एक अन्य रूम सट भी है जिसे विधानसभा अध्यक्ष के लिए तैयार किया गया है। पीडब्ल्यूडी के सूत्रों ने बताया कि इन घरों को खाली करने के लिए विभाग ने नोटिस तैयार कर लिए है और जल्द ही इन्हें जारी कर दिया जाएगा ताकि इन्हें खाली किया जा सके। इसके बाद इनका आवंटन नए मंत्रियों के लिए संभव हो सकेगा। गाडिम्यां तो पुरानी थी, हमने नई नहीं लीनई सरकारें बदलती है तो कई बदलाव होते हैं।

नई सरकार बनने के बाद दिल्ली में गाड़ियों के लेने पर मचे विवाद पर मंत्री सोमनाथ भारती का साफ कहना है कि ये गाडिम्यां पुरानी है और पुराने मंत्री इनका प्रयोग कर रहे थे। हमने किसी नई गाड़ी की खरीद नहीं की है। यदि कामकाज के लिए सरकार हमें ऑटो भी दे देगी तो हम उसका प्रयोग करेंगे। हमने वीवीआई कल्चर को खत्म करने के लिए इन गाड़ियों से लाल बत्तियां हटाई हैं।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:घर पर केजरीवाल का यूटर्न, नहीं लेंगे बड़ा घर