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जलजमाव वाले क्षेत्रों में 14 मेडिकल टीमें

आखिरकार स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन को जलजमाव से पीड़ित लोगों की सुध आई। विभाग ने शनिवार को राजधानी के विभिन्न इलाकों के लोगों को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिए 14 टीमों का गठन किया है। यह जानकारी देते हुए जिलाधिकारी जितेन्द्र कुमार सिन्हा ने बताया कि चार सदस्यीय टीम में एक डाक्टर और चार पारा मेडिकल स्टाफ होंगे। सभी टीमें आवश्यक दवाओं और एंबुलेंस से लैस होंगी। सैदपुर संप हाऊस में अस्थायी रूप से एक टीम की प्रतिनियुक्ित की गई है, जबकि दो टीमें रात के समय प्रभावित इलाकों का भ्रमण करगी।ड्ढr ड्ढr जिला नियंत्रण कक्ष में एक स्टैटिक टीम की तैनाती की गई है। ये टीमें 20 जुलाई से अगले आदेश तक कार्यरत रहेंगी। आम लोग स्वास्थ्य संबंधित किसी भी परशानी की हालत में 102 नंबर पर फोन कर एंबुलेंस बुला सकते हैं। श्री सिन्हा ने बताया कि यह निर्णय स्वास्थ्य सचिव की अध्यक्षता में हुई एक उच्चस्तरीय बैठक में लिया गया। उन्होंने बताया कि सभी मेडिकल टीमों के अनुश्रवण का जिम्मा जिला नियंत्रण कक्ष के प्रभारी दंडाधिकारी और सिविल सर्जन को सौंपा गया है।ड्ढr ड्ढr प्रमंडलीय आयुक्त ने लिया जायजाड्ढr पटना (का.सं.)। शनिवार को दूसर दिन भी प्रमंडलीय आयुक्त ने जलजमाव वाले इलाकों का जायजा लिया। आयुक्त रवीन्द्र पवार ने जिलाधिकारी जितेन्द्र कुमार सिन्हा और बीआरोपी, नगर निगम और बिजली विभाग के कई अधिकारियों के साथ राजेन्द्र नगर, सैदपुर, कंकड़बाग और योगीपुर इलाकों में चल रहे पानी निकासी कार्यो का जायजा लिया। निरीक्षण के क्रम में उन्होंने कहा कि पानी निकलने तक पंप हाऊसों को किसी भी हालत में बंद नहीं किया जाए। आयुक्त ने कहा कि जलजमाव वाले इलाकों में ब्लीचिंग पाउडर के छिड़काव का निर्देश दिया ताकि महामारी की स्थिति से निपटना जा सके। श्री पवार ने सिविल सर्जन को जलजमाव वाले इलाकों में चिकित्सकों की टीम गठित करने का आदेश दिया ताकि बीमारों का उपचार किया जा सके।ं

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