DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

कुपाड़ी नहर पर शरण लिए चार बाढ़ पीड़ितों की मौत

सीमावर्ती कुपाड़ी नहर पर शरण लिये बाढ़पीड़ितों में चार लोगों ने दम तोड़ दिया है। परसागढ़ी दक्षिण पंचायत के मुखिया विश्वमोहन कुमार, परसागढ़ी उत्तर के सरपंच सुरन्द्र कुमार मेहता, वार्ड सदस्य देवनंदन मुखिया, अनमोल पासवान, बघली पंचायत के समाजसेवी महानंद मंडल ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि सिर्फ कुपाड़ी नहर पर शरण लिये कपिलदेव ऋषिदेव, जय नारायण ऋषिदेव, सुकनी देवी एवं श्रीनगर मधेपुरा निवासी अनुचित यादव की मौत पिछले चार दिनों में हो गयी है।ड्ढr ड्ढr मुखिया विश्वमोहन कुमार ने बताया कि कुपाड़ी नहर पर लगभग तीन हाार बाढ़ से विस्थापित लोग पिछले एक पखवार से रह रहे हैं। ये सभी रघुनाथपुर, बघली, धीबहा, जदिया, मोहरमपुर आदि गांव के हैं। बाढ़ आने के बाद त्रिवेणीगंज से सड़क संपर्क भंग हो जाने के बाद अररिया जिला प्रशासन ने भरगामा के बीडीओ को इस क्षेत्र में राहत एवं बचाव कार्य करने का निर्देश दिया था।ड्ढr मगर बार-बार गुहार लगाने के बाद भी पदाधिकारी राहत कार्य चलाने में आनाकानी करते रहे। उन्होंने यह भी बताया कि प्राथमिक विद्यालय फसिया कोठी, मध्य विद्यालय परसागढ़ी में भी रह रहे बाढ़ पीड़ित बदहाली में दिन गुजार रहे हैं। इस संबंध में बीडीओ नरश झा से संपर्क करने का प्रयास किया गया लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका और अधिकारिक तौर पर इसकी पुष्टि नहीं हो सकी।ड्ढr ड्ढr इधर परसागढ़ी पंचायत के मुखिया विश्वमोहन भारती, पूर्व पंचायत समिति सदस्य ब्रह्मदेव यादव एवं वार्ड सदस्य देवनंदन मुखिया सहित 11 लोगों द्वारा इस संबंध में एक हस्ताक्षरित त्राहिमाम संदेश बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नाम भेजा गया है। जिसमें पांच व्यस्क सहित 10-11 बच्चों की मौत होने की बात का उल्लेख किया गया है। संदेश में कहा गया है कि डीएम के आदेश के बाद भी कुपाड़ी नहर पर आश्रय लिये बाढ़ पीड़ितों की सुधि नहीं ली जा रही है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: कुपाड़ी नहर पर शरण लिए चार बाढ़ पीड़ितों की मौत