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बेगूसराय में कूपन को ले जाम

राशन किरासन कूपन वितरण में अनियमितता को लेकर सोमवार को पचम्बा पंचायत के सैकड़ों लोगोंे ने बेगूसराय-वीरपुर पथ को पचम्बा के निकट जाम कर दिया। आक्रोशित महिला पुरूष व बच्चे हाथ में झाड़-डंडा व बत्तर्न लेकर सोमवार की अहले सुबह से ही इस पथ पर आवागमन ठप कर दिया। सड॥क जाम की सूचना पर बीईईओ अशोक सिंह जाम स्थल पर पहुंचे तो उन्हें आक्रोशित महिलाओं का कोपभाजन बनना पड़ा और वे वहां से भाग निकले। उधर नवादा में सदर प्रखंड के भदौनी पंचायत के दर्जनों लोगों ने राशन कूपन के लिए हंगामा मचाया।ड्ढr ड्ढr शबनम खातून, मो. युनूस उद्दीन एवं नगर के गढ़पर मुहल्ले की उषा देवी, मंजू देवी, लीला देवी, बेबी देवी, मीरा देवी आदि ने समाहरणालय परिसर में विरोध स्वरूप हंगामा किया।सखिया देवी, पंका कुमार, सिंघेश्वर साव, रामकुमारी देवी, गुलर साव, सुनिता देवी, विशम्भर झा आदि ने बताया कि मुखिया विनोद मल्लिक राशन किरासन कूपन बांटने में अनियमितता बरत रहे हैं। 50 रुपए लिए बिना वे किसी आवेदन पर हस्ताक्षर नहीं करते। वहीं एपीएल, बीपीएल सूची तथा इंदिरा आवास योजना में अवैध राशि मांगते हैं। जाम के कारण बेगूसराय-वीरपुर पथ पर वाहनों का परिचालन लगभग 5 घंटे तक बंद रहा। पश्चिम चंपारण में 200 करोड़ का शिक्षा घोटालाड्ढr बेतिया (बे.सं.)। पश्चिम चम्पारण जिले में बिहार शिक्षा परियोजना में करोड़ों के घोटाले की आशंका जताई जा रही है। विभिन्न मदों में करोड़ों की निकासी की गयी है जिसका लेखा-ाोखा कहीं नहीं दर्शाया गया है। गत 31 अगस्त की समीक्षा बैठक में इस मामले का खुलासा हुआ। घोटाले में फंसते देख जिला शिक्षा अधीक्षक सह परियोजना के समन्वयक योगेशचन्द्र अवकाश पर चले गये हैं। उनसे मोबाइल पर भी सम्पर्क नहीं हो पा रहा है। डीएम दिलीप कुमार ने बताया कि मामले की गहन छानबीन की जा रही है। डीएम ने बताया कि घोटाले का आंकड़ा 200 करोड़ को भी पार कर सकता है। जून 2006 से 08 तक मात्र तीन बैठकें हुई हैं जबकि प्रत्येक तीन माह में कार्यकारिणी की बैठक अनिवार्य है। वार्षिक कार्य योजना बिना अनुमोदन के ही कार्यान्वित ेर दी गई। लिहाजा किन मदों में, कहां और कितने खर्च हुए, इसका कोई लेखा-ाोखा नहीं है। उन्होंने बताया कि जून 2007 में शिक्षकों की संख्या करीब 2562 थी। शिक्षकों के मानदेय मद में एक करोड़ 28 लाख 6 हाार के विरुद्ध 4 करोड़ 82 लाख की निकासी की गयी है। इधर नयी नियुक्ित के बाद 4856 शिक्षकों को 5-5 हाार के हिसाब से मानदेय भी दिया गया है। प्रशिक्षित और अप्रशिक्षित का फर्क नहीं दर्शाया गया है। इस मद में भी बड़े पैमाने पर घोटाले की संभावना जतायी जा रही है। टेक्स्ट बुक कमिटि की किताबों का भी वितरण लंबित है। डीएम के ओएसडी विनोद आनंद ने बताया कि शौचालय निर्माण में भी 0 लाख के गबन की आशंका है।

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  • Web Title: बेगूसराय में कूपन को ले जाम