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टाटा कचचा सिंगूर कचचो हटना दुर्भाग्यपूर्ण : चैम्बर

वाणिज्य उद्योग मंडल एसोचैम ने टाटा मोटर्स के पश्चिम बंगाल के सिंगूर से लखटकिया कार नैनो के संयंत्र को अन्यत्र स्थापित करने के लिए निर्णय को दुर्भाग्यपूर्ण और दुखद बताया है। एसोचैम के महासचिव डी एस रावत ने इसे 21वीं सदी में उद्योग जगत के लिए दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि कुछ राजनीतिक दलों और पश्चिम बंगाल के लोगों को टाटा के इस निर्णय का खामियाजा भुगतना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि यह घटना उद्योग जगत कि लिए दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि नैनो संयंत्र को पश्चिम बंगाल से हटाने के टाटा समूह के निर्णय के बावजूद राज्य में उद्योगों के विकास जारी रहेगा। फिक्की के महासचिव अमित मित्रा ने कहा कि नैनो परियोजना से पश्चिम बंगाल का औद्योगिक परिदृश्य बदल सकता था। टाटा समूह के अध्यक्ष रतन टाटा ने पश्चिम बंगाल से अपना संयंत्र हटाने के निर्णय में राज्य के मुख्यमंत्री बुद्धदेव भट्टाचार्य को क्लीन चिट दी, लेकिन कहा कि तृणमूल कांग्रेेस की अध्यक्ष ममता बनर्जी ने उन्हें राज्य से बाहर निकलने के लिए बाध्य किया है। उन्होंने कहा कि नैनो संयंत्र को पश्चिम बंगाल से बाहर ले जाने का फैसला सुश्री ममता बनर्जी के नेतृत्व में जारी आंदोलन है।

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