DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

तांतिया से सड़कों को छीनना महंगा पड़ेगा

तांतिया से छीनी गईं सड़कों पर अब करोड़ों रुपए अधिक खर्च करने होंगे। अभियंताओं ने सड़कों का जो रिवाइज्ड इस्टीमेट बनाया है उसने विभाग के वरीय अधिकारियों की नींद उड़ा दी है। अधिकारी हलकान हैं तो मंत्री परशान। मंत्री को चिन्ता है कि इस सीजन (अक्टूबर-जून) में सड़कें नहीं बनीं तो जनता के समक्ष मुंह दिखाना मुश्किल हो जाएगा। अधिकारी हलकान हैं कि अप्रैल में तांतिया से छीनी गईं सड़कों की लागत अब इतनी अधिक हो गई है कि इसे तर्कसंगत बताना अब टेढ़ा काम है। अगर तांतिया ने सड़कें बना दी होतीं तो सरकार के करोड़ों रुपए बच जाते। पर अब सड़क बनाना जितना जरूरी है उतना ही जरूरी है बढ़े लागत को तर्कसंगत साबित करना। इस ऊहापोह में सड़कों के निर्माण में देरी हुई तो सरकार की फजीहत तय है। सड़कों का लागत मूल्य बढ़ने से पथ निर्माण विभाग में सरगर्मी इतनी बढ़ी है कि किस अधिकारी के टेबल पर रिवाइज्ड इस्टीमेट प्लान कितने समय से रुका है, अब इसकी छानबीन शुरू हो गई है। पथ निर्माण विभाग ने पटना रोड प्रोजेक्ट के अन्तर्गत 2सड़कों को जो रिवाइज्ड इस्टीमेट सौंपा है उसमें किसी सड़क की लागत राशि में 446 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है तो किसी में 136 प्रतिशत। मुख्य अभियंता (दक्षिण बिहार उपभाग) कार्यालय को सौंपे रिवाइज्ड इस्टीमेट प्लान के मुताबिक बांकीपुर-दानापुर पथ (किमी.) का निर्माण अप्रैल में 10.71 करोड़ रुपये में हो जाता पर अब उसपर 58.55 करोड़ खर्च करने होंगे। हार्डिग रोड (3.7किमी.) पर तब 5.21 करोड़ रुपए खर्च होते पर अब 14.51 करोड़ रुपए खर्च होंगे। वीरचन्द पटेल पथ (1.22 किमी.) पर 3.65 करोड़ की जगह अब 8.67 रुपए खर्च करने होंगे। बुद्ध मार्ग (2.42 किमी.) पर 2.83 करोड़ रुपए की जगह अब 6.1रोड़ रुपए खर्च होंगे। कंकड़बाग मुख्य पथ (5.64 किमी. ) में 10.07 करोड़ रुपए की जगह 1रोड़ रुपए खर्च होंगे। मीठापुर-अनीसाबाद पथ (4.22 किमी.) में2.रोड़ रुपए की जगह 6.56 करोड़ रुपए खर्च होंगे। अन्य सड़कों के लागत मूल्यों मं काफी इजाफा हुआ है।ं

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: तांतिया से सड़कों को छीनना महंगा पड़ेगा