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अनुमति के बावचाूद डीएवी कॉलेचा से खदेड़े गए पटाखा दुकानदार

अस्थाई पटाखा बार के लिए चयनित डीएवी कालेा मैदान पर दुकानें साा रहे लोगों को नाका पुलिस ने अचानक खदेड़ना शुरू कर दिया। इससे अफरातफरी मच गई। इसमें बाँस-बल्लियाँ भी गिर गई। वरिष्ठ अधिकारियों तक शिकायत पहुँची, तब दुकानें न हटाने का निर्देश दिया गया। दूसरी तरफ झन्डे वाला पार्क के पास बार लगाने की तैयारी कर रहे दुकानदारों को भी डीएवी कालेा मैदान में ही दुकानें लगाने के लिए कहा गया है। यह कार्रवाई मानवाधिकार आयोग के निर्देशों के तहत की गई है। थोक व्यापारियों ने भी कुड़ियाघाट पर दुकानें साानी शुरू कर दी हैं। इधर पटाखा छुड़ाने के शौकीन शाम छह से रात 10 बो तक ही पटाखा छोड़ सकेंगे।ड्ढr अस्थाई दुकानें लाइसेंसोारी करने का सिलसिला शनिवार को भीोारी रहा। अब तक 456 लोगों को लाइसेंसोारी कियाोा चुका है। सौ से अधिक प्रार्थना पत्रों पर पुलिस रिपोर्ट की औपचारिकता पूरी नहीं हुई, लिहा इनके आवेदन पर कार्रवाई नहीं हुई। डीएम ने रविवार को इन आवेदनों पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अस्थाई दुकानदारों को 2अक्तूबर तक के लिए लाइसेंसोारी किया गया है। अपर नगर मािस्ट्रेट और सीओ की रिपोर्ट के बाद रिहायशी इलाके से दूर डीएवी कॉलेा मैदान पर पटाखा बार लगाने की क्षाात दी गई थी। शनिवार की देर रात नाका पुलिस ने अचानक दुकानें लगाने की तैयारी कर दुकानदारों को भगाना शुरू कर दिया। कई दुकानदारों को बल्ली लगाने से रोक दिया गया। इससे अफरातफरी मच गई। डीएम चन्द्रभानु, एडीएम पश्चिम ोपी सिंह और एएसपी परश पाण्डेय के पास शिकायत पहुंँची। इन अधिकारियों का कहना है कि गलतफहमी में पुलिस ने दुकान हटवाने का प्रयास किया। डीएवी कालेा में मैदान में पूर्ववत दुकानें लगेंगे। दूसरी तरफ डीएम ने राय मानवाधिकार आयोग की ओर सेोारी चार बिन्दुओं के निर्देशों पर गंभीरता से कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। आयोग ने कहा है कि आतिशबााी की दुकानों के लिए खुले स्थानों को चिन्हित कियाोाए। बिनाोिला मािस्ट्रेट के निर्देश के कोई भी दुकान नहीं लग पाए। आवासीय क्षेत्र में पटाखा की द्रुकानों के लिए गोदामों की अनुमति नहीं दीोाए। और सार्वानिक स्थानों पर पटाखे छोड़ने का समय निर्धारित कियाोाए।

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  • Web Title: अनुमति के बावचाूद डीएवी कॉलेचा से खदेड़े गए पटाखा दुकानदार