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नालंदा संसदीय क्षेत्र : सात विधानसभाओं वाला क्षेत्र बना और चंडी खत्म

नालंदा संसदीय क्षेत्र में अब छह के बदले सात विधानसभा क्षेत्र शामिल हैं। चंडी विधानसभा क्षेत्र खत्म हो गया है। नए परिसीमन में नालंदा जिले के सात विधानसभा क्षेत्रों को शामिल किया गया है। इसमें अस्थावां, बिहारशरीफ, राजगीर अजा, इस्लामपुर, हिलसा,नालंदा और हरनौत विधानसभा क्षेत्र शामिल है। बाढ़ संसदीय क्षेत्र में पहले चंडी और हरनौत विधानसभा क्षेत्र शामिल थे। अब चंडी विधानसभा समाप्त हो गया,लेकिन उसका हिस्सा हरनौत में शामिल हो गया है। हरनौत को नालंदा में शामिल कर लिया गया है। हरनौत मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का विधानसभा क्षेत्र रहा है। नए परिसीमन के बाद माना जा रहा है कि नालंदा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का सुरक्षित दुर्ग बन गया है।ड्ढr ड्ढr 2004 के लोकसभा चुनाव में जद यू के नीतीश कुमार ने लोजपा के डा.कुमार पुष्पंजय को 1,02,3मतों से पराजित किया था। उस समय श्री कुमार को 4,71,310 मत मिले थे और श्री पुष्पंजय को 3,68,मत मिले। मुख्यमंत्री बनने के बाद श्री कुमार ने नालंदा सीट रिक्त कर दी। उसके बाद हुए उप चुनाव में रामस्वरूप प्रसाद चुने गए। हालांकि रामस्वरूप प्रसाद जद यू छोड़ अब राजद में शामिल हो गए हैं। जद यू से श्रवण कुमार के चुनाव लड़ने की संभावना है।ड्ढr राजगृह में गृद्धकूट पर्वत है। यह स्थान भगवान बुद्ध को बहुत प्रिय था। यहां विश्व शांति स्तूप है। सन 1234-36 ई. में नालंदा विश्वविद्यालय में 72 हाार विद्यार्थी अध्ययन करते थे। यहां की पालकालीन कला नालंदा, उदयन्तपुरी, विक्रमशिला, बज्रासन आदि बौद्ध विहारों में मूर्ति शिल्प की शिक्षा दी जाती थी। नालंदा में अन्तर्राष्ट्रीय विश्वविद्यालय की स्थापना की बात चल रही है। विश्वविद्यालय की स्थापना में दुनिया भर के बौद्ध देश शामिल हैं। चीनी यात्री ह्वेनसांग हर्षवर्धन के काल में भारत आया था और उसने यहां पंद्रह वर्ष बिताए थे। गुप्तवंश के राजा कुमार गुप्त ने पांचवीं सदी में इस महाविहार की स्थापना की थी। हिन्दू-मुस्लिम एकता के प्रतीक शेख शफ रुद्दीन याहिया मनेरी बड़े सूफी संत हुए और बिहारशरीफ में उनका मजार है। वहां का मलिक बयां की मजार भी प्रसिद्ध है।1857 से लेकर आजादी की लड़ाई में नालंदा की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। गुरुसहाय लाल बिहार में गठित पहले युनूस मंत्रिमंडल में मंत्री बनाए गये थे।ड्ढr नालंदा जिले में 20 ब्लाक तथा 24पंचायतें हैं। जिले का क्षेत्रफल 236वर्ग किलोमीटर है। नालंदा की आबादी 23,70,528 है। इसमें 21,हिन्दू तथा 1,76,871 मुसलमान हैं। अनुसूचित जाति की आबादी 4,73,786 है,ाो आबादी का 1प्रतिशत है। इस जिले की साक्षरता दर 53.64 प्रतिशत है और 53.83 प्रतिशत आबादी गरीबी रखा के नीचे बसती है। दलित समुदाय में खेतिहर मजदूरों की तादाद 78.2 प्रतिशत से अधिक है।ड्ढr ड्ढr जिले की प्रति व्यक्ित आय 3,87पए है। जिले के 7प्रतिशत लोगों के पास टेलीफोन, रडियो साइकिल की सुविधा उपलब्ध नहीं है। नालंदा में 2 लाख 32 हाार हेक्टेयर भूक्षेत्र है,ािसमें 1 लाख 80 हाार हेक्टेयर में खेती होती है। जिले का 83.31 प्रतिशत क्षेत्र सिंचित है। नालंदा के ब्ैांकों में 1,25,110 लाख रुपए जमा हैं,ाबकि ब्ैांकों ने सिर्फ 33,746 लाख रुपए ऋण दिए हैं। नालंदा संसदीय क्षेत्र से 1में कैलाशपति सिन्हा जीते थे तथा इसके बाद 1से 1तक लगातार तीन बार सिद्धेश्वर प्रसाद चुने गए। 1में वीरंद्र प्रसाद, 10-84 में विजय कुमार यादव, 1में रामस्वरूप प्रसाद,1विजय कुमार यादव, 1ाार्ज फर्नाडींस तथा 2004 में नीतीश कुमार चुने जाते रहे हैं।

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  • Web Title: नालंदा संसदीय क्षेत्र : सात विधानसभाओं वाला क्षेत्र बना और चंडी खत्म