DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

लोकपाल विधेयक पर संसद में टकराव की आशंका

लोकपाल विधेयक पर संसद में टकराव की आशंका

लोकपाल विधेयक पर संसद में टकराव शुरू होने की आशंका नजर आ रही है क्योंकि भाजपा इस मुद्दे पर मंगलवार को चर्चा कराने की मांग कर रही है, जबकि सरकार की इस मुद्दे को संसद के बजट सत्र के दूसरे हिस्से में लिए जाने की योजना लगती है।

इस बात के संकेत आज उस समय साफ नजर आए जब संसदीय कार्यमंत्री पवन कुमार बंसल ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता 30 मार्च तक लेखानुदान मागों को पारित कराने की है और लोकपाल विधेयक जैसे विधेयक बजट सत्र के 24 अप्रैल से शुरू होने वाले दूसरे हिस्से में लिए जाएंगे।

राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली ने कहा कि वह कल राज्यसभा में लोकपाल विधेयक पर चर्चा कराने के लिए कार्य स्थगन प्रस्ताव का नोटिस देंगे। दो हिस्सों में चलने वाला संसद का बजट सत्र राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक में दिये गये अभिभाषण के साथ आज शुरू हुआ। यह सत्र 22 मई तक चलेगा। बीच में 31 मार्च से 23 अप्रैल तक अवकाश रहेगा।
 
राष्ट्रपति के अभिभाषण पर कल चर्चा शुरू होनी है। 14 मार्च को रेल बजट पेश होगा। इसके अगले दिन आर्थिक समीक्षा और 16 मार्च को आम बजट पेश किया जाएगा। बंसल ने संसद भवन में संवाददाताओं से बातचीत करते हुए कहा कि बजट सत्र के पहले हिस्से में विधायी कार्यों के लिए सरकार के पास बहुत ही कम समय है। हालांकि लोकपाल और लोकायुक्त विधेयक सहित 39 विधेयक पारित किए जाने के लिए सूचीबद्ध हैं।
 
उन्होंने बताया कि उच्च सदन में लोकपाल विधेयक पर पिछले सत्र में तकरीबन 200 संशोधन पेश किए गए थे। सत्रवसान के कारण ये संशोधन लैप्स हो गए और अब सदस्यों ने फिर से संशोधन का नोटिस पेश करना शुरू किया है। बंसल ने कहा कि एक सदस्य ने संशोधन का नोटिस दिया है और मैं समझता हूं कि कुछ और सदस्य ऐसा करेंगे। यहां तक कि सरकार को भी नए सिरे से संशोधन पेश करने होंगे और चर्चा के लिए लिए जाने से पहले इनकी समीक्षा की जाएगी।
 
लोकपाल के मुद्दे पर काम रोको प्रस्ताव लाने की भाजपा की चेतावनी के तुरंत बाद कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने अपने वरिष्ठ सहयोगियों के साथ विचार विमर्श किया। इस बैठक में उपस्थित नेताओं में प्रणव मुखर्जी, पवन कुमार बंसल, जयराम रमेश और कांग्रेस अध्यक्ष के राजनीतिक सचिव अहमद पटेल मौजूद थे।
 
मुखर्जी ने भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी, सुषमा स्वराज, अरुण जेटली और यशवंत सिन्हा से भी मुलाकात की। संसदीय कार्य मंत्री ने इन बातों को खारिज किया कि हाल में हुए पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद सरकार किसी तरह से संकट में है।

बजट सत्र के दौरान दोनों सदनों में कुल 35 बैठकें होंगी। सरकार ने 30 विधेयकों को इस सत्र में पेश करने का इरादा बनाया है। इसके अलावा 39 विधेयकों को चर्चा कर पारित कराने के लिए सूचीबद्ध किया है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:लोकपाल विधेयक पर संसद में टकराव की आशंका