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नौविदेशी भी बने आतंक के शिकार

मुंबई में बुधवार की रात हुए आतंकी हमले में मार गए लोगों में विदेशी नागरिक शामिल हैं। इन विदेशियों में एक ब्रिटिश, एक ऑस्ट्रेलियाई और एक जापानी के बार में अभी जानकारी मिल पाई है। ब्रिटिश उच्चायुक्त सर रिचर्ड स्टैग के अनुसार, ताज होटल में हुए हमले में एक ब्रिटिश नागरिक मारा गया है और सात घायल हैं। मारे गए ब्रिटिश का नाम एलन जोन्स है। वह साउथ वेल्स के बिजनेसमैन थे। इसके अलावा जापानी नागरिक 41 वर्षीय हिसा फूदा का शव बाम्बे हॉस्पिटल लाया गया है। एक ऑस्ट्रेलियाई नागरिक 4वर्षीया ब्रेड गिल्बर्ट टेलर का भी शव सेंट जार्ज हॉस्पिटल लाया गया है। वहीं इटली के दूतावास ने भी रोम में बताया है इटली के एक नागरिक की भी मौत इस हमले में हुई है। इसके अलावा 11 अन्य विदेशी नागरिक भी घायल हैं। इनमें ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन, अमेरिका, नाव्रे, स्पेन, कनाडा और सिंगापुर के नागरिक हैं।ड्ढr ड्ढr शेखपुरा का मुख्तार भी मारा गयाड्ढr नवादानरहट (ए.सं.)। मुंबई के आतंकी हमले में नवादा जिले के आठ लोगों की मौत हो गई तथा दो बच्चे गंभीर रूप से जख्मी हो गए। शेखपुरा के नवीनगर के ककरार गांव के 35 वर्षीय मो. मुख्तार मियां भी हमले में मार गए हैं। डेढ़ महीने पहले ही वे व्यवसाय करने मुंबई गए थे। खबरों के अनुसार नवादा के सिरदला थानान्तर्गत ढाव निवासी मो. इलियास, अकबरपुर थाना क्षेत्र के मननपुर निवासी 12 वर्षीय मुर्तजा, 10 वर्षीय मुस्तफा के साथ मुम्बई सीएसटी स्टेशन में हुए भीषण विस्फोट में ये सभी लोग मार गए। मृतकों में इलियास की भांजी व उसके पति शेरपुर (सिरदला) निवासी भी शामिल हैं। घटना के संबंध में बताया जाता है कि इलियास अपने दोनों भतीजों के साथ जैसे ही शिवाजी टर्मिनस स्टेशन से बाहर आया कि ट्रन में भयानक विस्फोट हुआ और आसपास हुई भगदड़ में चारों यात्री व इलियास समेत तीन की मौत घटनास्थल पर ही हो गई। मुस्तफा व मुर्तजा के ननिहाल शेखपुरा (नरहट) में मौत की खबर पाकर मातमी सन्नाटा पसर गया है। इलियास मुम्बई में टैक्सी ड्राइवर था। मुर्तजा के मामा मो. बहाव ने बताया कि सभी लोग ट्रन से बिहार लौट रहे थे कि इसी क्रम में यह घटना हुई। सिरदला थानाध्यक्ष ने भी ढाव के तीन व शेरपुर के दो लोगों के मरने की पुष्टि की है। अकबरपुर थाना क्षेत्र के पांती निवासी सहदेव प्रसाद यादव ने बताया कि इस विस्फोट में उनके 5 वर्षीय पौत्र आदित्य कुमार की मौत स्टेशन पर हो गई तथा बेबी कुमारी और मिठू यादव गंभीर रूप से जख्मी हो गए।ड्ढr ड्ढr मुंबई में झारखंड के दो शहीदड्ढr रांचीगिरिडीह (हि.टी.)। मुंबई में बुधवार की रात हुए आतंकी हमले में झारखंड के दो सपूतों- रांची के मलयेश बनर्जी और गिरिडीह के प्रकाश मंडल की भी मौत हो गई। मलयेश बनर्जी मुम्बई केअरबन इंफ्रास्ट्रक्चर नामक कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के पद पर कार्यरत थे। उनकी आगामी छह दिसंबर को शादी होनेवाली थी। अगले एक-दो दिनों में ही वे रांची आनेवाले थे। अब यहां उनके पार्थिव शरीर का इंतजार हो रहा है। बुधवार की देर रात उनकी मौत की मनहूस खबर से घर में कोहराम मच गया। शादी की खुशियां मातम में बदल गयीं। मां-पिता बार-बार बेहोश हो रहे हैं। परिान आंसुओं में डूबे हैं। वहीं आतंकी हमले में गिरिडीह के नगरकिसवारी गांव के रहने वाले प्रकाश मंडल की भी गोली लगने से मौत हो गई। मंडल विगत पांच वर्ष से भारत के मशहूर ओबेरॉय होटल में वेटर का काम कर रहा था। इस संबंध में उसके चचेर भाई राजेश कुमार मंडल ने बताया कि प्रकाश का परिवार नगरकिसवारी गांव में ही रहता है। उसके पांच भाई हैं। प्रकाश की शादी कुछ वर्ष पूर्व हुई थी। उसकी एक बच्ची है। गांव के सौ से भी अधिक लोग मुंबई में रोी रोटी के जुगाड़ में पिछले कई वर्षो से रह रहे हैं। उन्हीं में से किसी ने रात के 11 बजे सूचना दी कि प्रकाश की मौत आतंकी हमले में हो गई है। सूचना मिलते ही पूर गांव में शोक की लहर दौड़ गई। मलयेश के पिता प्रोफेसर मानवेंद्र बनर्जी रांची कॉलेज के केमिस्ट्री डिपार्टमेंट के एचओडी हैं।ड्ढr ड्ढr उनका परिवार ओल्ड कमिश्नर कंपाउंड में रहता है। मां-पिता की इकलौती संतान मलयेश शुरू से बेहद मेधावी थे। उन्होंने आइआइटी खड़गपुर से इंजीनियरिंग और इसके बाद एसपी जन इंस्टीट्यूट से मैनेजमेंट की पढ़ाई की। पढ़ाई पूरी होते ही अरबन इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी में ऊंची पगार पर उन्होंने सॉफ्टवेयर इंजीनियर की नौकरी ज्वायन की। बुधवार को होटल ताज में उनकी कंपनी ने टॉप आफिसियल्स की एक अहम बैठक बुलायी थी। मलयेश भी इसमें शामिल थे। मीटिंग खत्म होने के बाद मलयेश और उनके तीन दोस्त होटल के सामने स्थित नरीमन प्वाइंट पर एक कॉफी हाउस में गये। इसी बीच अचानक आतंकियों ने अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। एक गोली मलयेश की जांघ में लगी। उन्हें पहले निकट के एक अस्पताल और इसके बाद जेजे अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक शायद बहुत देर हो चुकी थी। अत्यधिक खून बहने के कारण उनकी मौत हो गयी। मलयेश को गोली लगने की सूचना उनके घरवालों को रात करीब 11 बजे टेलीफोन पर एक पुलिस अधिकारी ने दी थी। इसके बाद रात के दो बजे दुबार वह खबर आयी, जिससे बनर्जी परिवार पर मानो वज्रपात हो गयी। मलयेश के मित्र प्रसन्नजीत ने भर्रायी आवाज में खबर दी-मलयेश इस दुनिया में नहीं रहे।ं

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