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ठेकेदार का अगवा पुत्र बरामद

राजीवनगर थाना इलाके के आशियानानगर स्थित कैलाश पैलेस में रह रहे निजी टेलीकॉम कंपनी के ठेकेदार संतोष कुमार सिंह के अगवा पुत्र सौरव कुमार(18) को पुलिस ने अपराधियों के चंगुल से शुक्रवार को सकुशल छुड़ा लिया। पटना पुलिस की टीम ने पिछले एक सप्ताह में लखीसराय के चानन गांव के पास मोर्चाबन्दी की उसके बाद उसे रिहा करा लिया। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार बगनी,मोहिनयां, कैमूर निवासी संतोष कुमार के पुत्र सौरव की रिहाई के लिए अपराधियों ने 75 लाख रुपए की फिरौती मांगी थी। परिानों को इस बात का शक है कि आसपास के लोगों का ही इसमें हाथ है। वैसे सौरव को लखसीराय से लेकर पुलिस देर रात पटना पहुंच चुकी है।ड्ढr ड्ढr संतोष ने बताया कि अपहर्ताओं ने उनसे फिरौती सौरव के अपहरण करने के बारह घंटे के बाद ही तीन दिसंबर की रात की थी। संतोष के मोबाइल पर जिस मोबाइल से अपराधियों ने फिरौती की मांग की, उस नम्बर का जब पुलिस ने लोकेशन लिया तो वह लखीसराय के ग्रामीण इलाके चानन का निकला। इतना सूचना मिलने के बाद पटना पुलिस के वरीय अधिकारियों ने कोतवाली थाने में बाजाप्ता एक मॉनीटरिंग सेंटर बनाया।ड्ढr ड्ढr एक साल से कैलाश पैलेस के 204 फ्लैट में रह रहे संतोष ने बताया कि अपराधियों ने 3 दिसंबर को शेरौन पब्लिक स्कूल के दसवीं के छात्र सौरव का अपहरण उस समय कर लिया था जब वह स्कूल जाने के लिए घर से सुबह सात बजे निकला था। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार अपराधियों ने आंख में पट्टी बांध कर उसे लखीसराय तक लाया उसके बाद उसे वहीं के अपराधी मदन मंडल गिरोह के हाथ में बेच दिया। पुलिस ने इस मामले में लखीसराय में छापेमारी कर आधा दर्जन से अधिक अपराधियों को गिरफ्तार किया है। इधर सौरव की रिहाई की खबर मिलते ही उसकी मां रीना देवी , छोटा भाई सुमन कुमार बहन पूजा, चाचा आलोक कुमार सिंह, अमित कुमार सिंह के चेहर पर खुशियों की लहर दौड़ गई। परिानों ने सौरव के रिहा होने पर पटना पुलिस की प्रशंसा करते हुए बताया कि बहुत जल्द ही इस टीम में लगे पुलिस अधिकारियों को वे स्वंय तौर पर सम्मानित करंगे।

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