अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

दस बार सबूत दे चुके पाक को : प्रणव

भारत सरकार के विदेश मंत्री प्रणव मुखर्जी ने कहा है कि पाकिस्तान को ‘वार हिस्ट्रिया’ बनाने से कोई फायदा नहीं है। मुखर्जी ने रविवार को पत्रकारो से कहा कि पिछले महीने मुबंई में जो आतंकवादी हमला हुआ उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमने पाकिस्तान प्रशासन को कम से कम दस बार इसका सबूत दे चुके है। उन्होंने कहा कि जब इस मुद्दे को लेकर मंत्रालय स्तर पर बातचीत हुई तो एंटी टेररिस्ट मेकेनिम पर भी चर्चा हुई थी, इसके अनुसंधान के बाद हमें ऐसा लगा कि इस पर कार्रवाई होनी चाहिए। विदेश मंत्री ने इस संबंध में अमेरिका, ईरान, ब्रिटेन आदि देशो से भी प्रयास करने की बातचीत की है और कहा कि ‘वार हिस्ट्रिया’ बनाने से पाकिस्तान को कोई फायदा नहीं होगा। उन्होंने कहा कि आतंकवादी पाकिस्तान से आए थे, जिसके काफी सबूत हैं लेकिन अभी जांच पूरी नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि जो सूचना पाकिस्तान को चाहिए उसके लिए हम तैयार हैं। मुखर्जी ने कहा कि पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ने खुद कहा कि जैश-ए-मोहम्मद का प्रमुख मसूद अजहर पाकिस्तान में नजरबंद है, लेकिन उनका दूसरा बयान आया कि वह पाकिस्तान में है ही नहीं तो नजरबंद कैसे हुआ। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान ने इस बात का वादा किया था कि आतंकवादी कैंप को ध्वस्त कर उन्हें अपनी जमीन उपयोग के लिए नहीं देंगे। उन्होंने कहा कि तात्कालीन राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ और वर्तमान राष्ट्रपति आशिफ जरदारी ने भी हमारे प्रधानमंत्री से इस तरह का वादा किया था कि हम आतंकवादियों को अपनी भूमि का उपयोग नहीं करने देंगे। मुखर्जी ने कहा कि जो आतंकवादी अपराध करके पाकिस्तान चले गए पहले उसे वापस करना चाहिए। तीस दिन के अल्टीमेटम पर एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि किसी ने कोई अल्टीमेटम नहीं दिया है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title: दस बार सबूत दे चुके पाक को : प्रणव