भारत, चीन जैसे देशों के साथ भविष्य में होगा मुकाबला - भारत, चीन जैसे देशों के साथ भविष्य में होगा मुकाबला DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

भारत, चीन जैसे देशों के साथ भविष्य में होगा मुकाबला

भारत, चीन जैसे देशों के साथ भविष्य में होगा मुकाबला

अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा का मानना है कि भविष्य में अमेरिका को शिक्षा के क्षेत्र में भारत और चीन जैसे देशों का मुकाबला करना पड़ेगा, जो शिक्षा पर लगातार बहुत राशि खर्च कर रहे हैं, जबकि अमेरिका इस क्षेत्र में अपने बजट में कटौती कर रहा है।
   
ओबामा ने व्हाइट हाउस में सामुदायिक कॉलेजों के एक सम्मेलन में कहा कि इसके बारे में सोचिए। चीन अपने शिक्षा बजट में 20 फीसदी की कटौती नहीं कर रहा। भारत भी 20 फीसदी की कटौती नहीं कर रहा। हमें भविष्य में इसके लिए संघर्ष करना होगा, ऐसा संघर्ष जो शिक्षा पर निर्भर होगा।
   
उन्होंने कहा कि 80 लाख छात्रों के लिए सहायता राशि में कमी लाना, ठीक वैसा ही है, जैसे अपने सैनिकों को मोर्चे पर भेजने के ऐन पहले उनसे हथियार वापस ले लेना है। ओबामा ने कहा कि वह पिछले सप्ताह रिपब्लिकन नेताओं की ओर से जारी की गई आर्थिक योजना से जरा भी सहमत नहीं हैं, जिसमें शिक्षा के बजट को 20 फीसदी कम कर दिया गया है।

ओबामा ने तर्क दिया इस योजना से कॉलेजों में पढ़ने वाले 80 लाख छात्रों को दी जाने वाली आर्थिक सहायता में कमी आएगी। इसके चलते सामुदायिक कॉलेजों में संसाधनों की कमी हो जाएगी और उन्हें कम संसाधनों से ही उन लक्ष्यों को पाना होगा, जिनकी हम बात कर रहे हैं।
   
अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि हम अपने देश को आगे ले जाने वाले युवाओं पर कम निवेश स्वीकार नहीं कर सकते। ओबामा ने घोषणा की कि गेटस फाउंडेशन सामुदायिक कॉलेजों में स्नातक दर को बढ़ाने के लिए पांच साल की नई योजना शुरू कर रहा है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:भारत, चीन जैसे देशों के साथ भविष्य में होगा मुकाबला