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महिला हॉकी टीम की नज़रें पदक की हैट्रिक पर

महिला हॉकी टीम की नज़रें पदक की हैट्रिक पर

मैनचेस्टर राष्ट्रमंडल खेलों स्वर्ण और मेलबर्न में रजत पदक जीत चुकी भारतीय महिला हॉकी टीम की नज़रें अब पदक की हैट्रिक बनाने पर है लेकिन पिछले कुछ अर्से में कई विवादों से गुज़री टीम के लिए इस बार राह उतनी आसान नज़र नहीं आती।
   
कुआलालम्पुर में 1998 राष्ट्रमंडल खेलों में हॉकी को शामिल किया गया जब भारतीय महिला टीम चौथे स्थान पर रही। लेकिन चार साल बाद मैनचेस्टर में इसी टीम ने इतिहास रच दिया और ममता खरब के गोल्डन गोल पर मेज़बान इंग्लैंड को हराकर पीला तमगा अपने नाम किया। मेलबर्न में 2006 में हुए खेलों में टीम ने रजत पदक हासिल किया।
     
इस बार अपनी धरती पर पहली बार हो रहे खेलों में भी महिला टीम से पदक की उम्मीद है। भारतीय हॉकी को झकझोर देने वाले सेक्स स्कैंडल से पहले भुगतान विवाद का सामना करने वाली टीम के लिए यह चुनौती आसान नहीं होगी और हाल ही में टीम अर्जेंटीना में हुए विश्वकप में नौवे स्थान पर रही।
     
कोच संदीप सोमेश का हालांकि मानना है कि टीम विवादों को भुला चुकी है और पूरा ध्यान राष्ट्रमंडल खेल की तैयारियों पर है। उन्होंने कहा कि जो कुछ हुआ, उसे भुलाना आसान नहीं था और बतौर कोच मेरे लिए भी यह कड़ी चुनौती है। खिलाड़ी हालांकि यह सब भूलकर मैदान पर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने को बेताब हैं। उम्मीद है कि हम राष्ट्रमंडल खेलों में पदक का सिलसिला कायम रखेंगे।

भारतीय टीम के लिए अच्छा संकेत युवा फॉरवर्ड रानी रामपाल की ज़बर्दस्त फॉर्म है। विश्वकप में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाली रानी को सर्वश्रेष्ठ उदीयमान खिलाड़ी चुना गया। उसका साथ देने के लिए कप्तान सुरिंदर कौर, अर्जुन पुरस्कार प्राप्त जसजीत कौर और सबा अंजुम जैसे अनुभवी खिलाड़ी हैं।
    
मैनचेस्टर खेलों की गोल्डन गर्ल ममता फिटनेस समस्या के कारण राष्ट्रमंडल खेलों से बाहर है लेकिन उसे टीम से पदक की पूरी उम्मीद है। ममता ने कहा कि भारत का आक्रमण अच्छा है लेकिन पेनल्टी कॉर्नर पर मेहनत करने की ज़रूरत है। टीम यदि अपनी क्षमता के अनुरूप खेलती है तो मुझे पूरा यकीन है कि हम पदक ज़रूर जीतेंगे। अपने दर्शकों के सामने खेलने का भी हमें फायदा होगा।
     
विश्वकप से पहले भारतीय महिला हॉकी टीम बड़े विवाद से गुज़री है जब एक खिलाड़ी एस रंजीता देवी ने मुख्य कोच एम के कौशिक पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगा दिया। हॉकी इंडिया ने कोच और चीन दौरे पर गुलर्छे उड़ाने वाले वीडियोग्राफर बासवराजा पर आजीवन प्रतिबंध लगा दिया। इसके बाद कौशिक के सहयोगी रहे संदीप सोमेश को कोचिंग की ज़िम्मेदारी सौंपी गई।
    
राष्ट्रमंडल खेलों में भारत को पूल बी में गत चैम्पियन ऑस्ट्रेलिया, पाकिस्तान, मलेशिया और स्कॉटलैंड के साथ रखा गया है जबकि पूल ए में इंग्लैंड, न्यूज़ीलैंड, कनाडा, दक्षिण अफ्रीका , त्रिनिदाद और टोबैगो की टीमें हैं

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