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एससी-एसटी क्षेत्रों में उद्योग को लाभ

ुछ समय पूर्व जोरशोर से उठे निजी क्षेत्रों में आरक्षण का मुद्दा मंदी के नीचे दब सा गया है। इसीलिए सोमवार को औद्योगिक प्रोत्साहन नीति परिषद के तत्वावधान में एक बैठक हुई जिसमें देश के अनुसूचित जाति व जनजाति बहुल ऐसे क्षेत्रों के औद्योगिक विकास पर चर्चा हुई जहां इनकी जनसंख्या 40 प्रतिशत से ज्यादा हैं। परिषद की बैठक में निर्णय लिया गया कि केन्द्र सरकार विभिन्न राज्य सरकारों से बात करगी कि वे ऐसे क्षेत्रों में उद्योग स्थापित करने के लिये क्या-क्या राहत दे सकते हैं ताकि इस मामले में एक समग्र नीति बनाई जा सके। इस विषय पर पहल करने वाले राज्यों को केन्द्र द्वारा विशेष प्रोत्साहन पैकेा दिया जायेगा। बैठक में उद्योग सचिव के अतिरिक्त जी वी मुखर्जी- सचिव आदिवासी मामले, सुधा पिल्लै-सचिव श्रम एवं रोजगार,पीवी भिडे- सचिव राजस्व, सुषमा नाथ- सचिव व्यय विभाग, केएम आचार्य-सचिव सामाजिक न्याय एवं आधिकारिता तथा योजना आयोग के सुभाष पाणी ने हिस्सा लिया। इधर मंगलवार को अनुसूचित जाति तथा जनजाति के लोगों को उद्योगों में रोजगार देने में प्रगति के मामले में प्रधानमंत्री कार्यालय ने फिक्की,सीआईआई तथा एसोचेम के प्रतिनिधियों की एक बैठक बुलाई है।

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  • Web Title: एससी-एसटी क्षेत्रों में उद्योग को लाभ