DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

जाति-आधारित जनगणना पर फैसला जल्द: पीएम

जाति-आधारित जनगणना पर फैसला जल्द: पीएम

प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा है कि देश में जाति-आधारित जनगणना पर सरकार जल्द ही कोई 'उचित निर्णय' लेगी। प्रधानमंत्री के बयान पर विपक्षी सांसदों ने उनका धन्यवाद दिया।

लोकसभा में इस मुद्दे पर हुई बहस के दौरान शुक्रवार को प्रधानमंत्री ने कहा कि इस बारे में केंद्रीय मंत्रिमंडल जल्द ही फैसला करेगा। केंद्र की संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार पर जाति-आधारित जनगणना कराने का दबाव बन रहा था और प्रधानमंत्री का यह बयान इसी संदर्भ में आया है।

इस तरह की जनगणना कराए जाने की पैरवी कर रहे सांसदों का तर्क है कि इससे कल्याणकारी कदम उठाने में सरकार को मदद मिलेगी। प्रधानमंत्री के बयान के बाद विपक्षी सांसदों ने उनको धन्यवाद दिया।

इससे पहले सदन में इस मुद्दे पर दो दिन चली चर्चा पर गृह मंत्री पी चिदंबरम के जवाब से असंतुष्ट विपक्षी सदस्यों ने हंगामा किया, जिससे सदन की बैठक दोपहर ढ़ाई बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी। बैठक स्थगित होने पर सदन में ही सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव, जद (यू) नेता शरद यादव, राजद नेता लालू प्रसाद और भाजपा के उप नेता गोपीनाथ मुंडे सहित कई सदस्य प्रधानमंत्री, नेता सदन प्रणव मुखर्जी और कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के पास जाकर देर तक बात करते देखे गए।

ढ़ाई बजे सदन की बैठक दोबारा शुरू होते ही प्रधानमंत्री ने आश्वासन दिया कि मैं सदन को आश्वस्त करना चाहता हूं कि इस मुद्दे पर कैबिनेट जल्द ही फैसला करेगी।  उनके इस आश्वासन का पूरे सदन ने मेजें थपथपाकर जोरदार स्वागत किया।

मनमोहन के आश्वासन पर लालू ने कहा कि आप पर पूरे सदन का भरोसा है और इस आश्वासन के बाद हमने अपना आंदोलन रोक दिया है।  लालू की बात का मुलायम ने समर्थन किया और प्रधानमंत्री तथा सोनिया का धन्यवाद किया। जद (यू) प्रमुख शरद यादव ने कहा कि यह मांग पिछले साठ साल से चली आ रही थी और सरकार ने बड़ा दिल दिखाया है।

मुंडे ने प्रधानमंत्री के आश्वासन पर उनका अभिनंदन किया, जबकि संप्रग की प्रमुख सहयोगी तृणमूल कांग्रेस के नेता सुदीप बंदोपाध्याय ने कहा कि चिदंबरम के बयान के बाद सोनिया ने जब मुलायम और लालू से अलग से बात की, तभी लग गया था कि फैसला हो जाएगा। उनकी बात पर सोनिया मुस्कुरा दीं और बगल में बैठे प्रणव की ओर इशारा करती दिखीं।


द्रमुक के टीआर बालू ने कहा कि जाति आधारित जनगणना कराने का फैसला बहुत अहम है। भाकपा के गुरूदास दासगुप्ता और माकपा के रामचंद्र डोम ने भी प्रधानमंत्री के आश्वासन का स्वागत किया। दासगुप्ता ने कहा कि ऐसा लगता है कि सरकार सदस्यों की भावनाओं के प्रति जागरुक हुई है। यह अच्छा संकेत है, लेकिन अन्य मामलों में भी सरकार को यही रुख अपनाना चाहिए।

तेदेपा के नामा नागेश्वर राव, बीजद के भृतुहरि महताब, राकांपा के संजीव नाइक, नेशनल कांफ्रेंस के शरीफुद्दीन शारिक, कांग्रेस के माणिकराव गावित और मुस्लिम लीग के ईटी मुहम्मद बशीर ने भी प्रधानमंत्री का धन्यवाद किया।

अन्य पिछड़े वर्ग के लोगों को बरसों से आरक्षण सहित विभिन्न लाभ नहीं मिल पाने की दलील देते हुए मुख्य विपक्षी दल भाजपा सहित लगभग सभी पार्टियों ने जाति आधारित जनगणना कराने की लोकसभा में जोरदार मांग उठाई थी।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:जाति-आधारित जनगणना पर फैसला जल्द: पीएम