DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

किसानों के आगे यमुना अथॉरिटी झुकी,मान ली सभी मांगें

आखिरकार यमुना अथॉरिटी को किसानों के आगे झुकना ही पड़ा। यमुना अथारिटी और जेपी कंपनी के अधिकारी बुधवार को पिछले 16 दिनों से धरना पर बैठे किसानों से मिलने अट्टा गुजरान पहुंचे। वहां उन्होंने मंच से किसानों की मांग मान लेने की घोषणा की।


मांग के अनुसार जमीन अधिग्रहण की धारा 4/17 के पहले की आबादी का कोई अधिग्रहण नहीं होगा। लेकिन जिन गांवों की आबादी का धारा हो चुकी है,उसका लीज बैक होगा,जिससे कि आगे जिला प्रशासन का इस पर कोई दावा नहीं कर सके। इसके लिए किसानों को 450 रुपए प्रति वर्ग मीटर की दर से(310 लीज बैक और 140 रुपए डेवलपमेंट चाजर्)लीज करानी होगी। किसानों की मांग पर अथॉरिटी और जेपी कंपनी हरेक गांव में श्मसान घाट,बारात घर,स्कूल व कालेज आदि बनवाने पर तैयार हो गई। उसी तरह विवादित मंझावली दनकौर बाइपास रोड के मामले में फाम्यरुला ट्रैक  व टोल प्लाजा के स्थानों पर अंडर पास बनाकर रास्ते को प्रत्येक गांव से जोड़ने पर फैसला हो गया। जेपी कंपनी ने यमुना एक्सप्रेस वे के कारण मंझावली दनकौर बाइपास रोड को बंद कर दिया था। इससे किसानों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में दिक्कत हो रही थी। अथॉरिटी स्थानीय स्तर पर उपलब्ध होने वाले रोजगार में किसानों के बच्चों को 40 तक आरक्षण देने पर भी तैयार हो गई। यहीं नहीं यहां के स्कूल-कालेजों व उच्च संस्थानों में दाखिले में उनके बच्चों को प्राथमिकता देने पर भी तैयार हुई। एक अहम फैसले में गांव से दूर जिन किसानों की जमीन अधिगृहीत हो गई या हो रही और उसकी वहां कोई  आबादी नहीं है तो उसे कहीं और पुनस्र्थापित करने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा जाएगा। अथॉरिटी से आश्वासन मिलने के लिए किसान खुश नजर आए। उन्होंने घोषणा के अनुसार काम नहीं होने पर दोबारा धरने पर बैठने की बात दोहराई। वार्ता में यमुना अथॉरिटी के डीसीईओ आर के सिंह,जेपी कंपनी के सीनियर अफसर आर के खेड़ा सहित भारतीय किसान यूनियन के मंडल अध्यक्ष राजबीर सिंह भारतीय किसान दल के जिलाध्यक्ष मनोज कुमार आदि थे।
मांगे जो मान ली गईं
-धारा 4/17 से पहले की आबादी का नहीं होगा अधिग्रहण
-धारा 4/17 के बाद की आबादी का होगा लीज बैक
-यमुना एक्सप्रेस के कारण बंद पड़े मंझवाली दनकौर बाइपास रोड का विकल्प हुआ तैयार,बनेंगे अंडरपास जुड़ेंगे गांवों से
-स्कूल,कालेजों व उच्च संस्थानों में किसानों के बच्चों को मिलेगी प्राथमिकता
-प्रत्येक गांव में बनेंगे स्कूल,कालेज,बारात घर और श्मशान घाट
-स्थानीय स्तर पर उपलब्ध रोजगार में किसानों के बच्चों को मिलेगा 40 फीसदी तक आरक्षण

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:किसानों के आगे यमुना अथॉरिटी झुकी,मान ली सभी मांगें