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आसाराम बापू के भक्तों का तांत्रिक के आश्रम में उत्पात

आसाराम बापू के भक्तों का तांत्रिक के आश्रम में उत्पात

मध्यप्रदेश के इंदौर जिले में एक तांत्रिक के आश्रम में आध्यात्मिक संत आसाराम बापू के चार कथित भक्तों के जबरन घुसकर हंगामा करने का मामला सामने आया है। आरोपियों में एक महिला शामिल है।

पुलिस सूत्रों ने बताया कि यहां से 50 किलोमीटर दूर खुड़ैल क्षेत्र में तांत्रिक सुखराम के आश्रम में आशा देवी, जगदीश गिरि, नवीन और आशीष नौ अप्रैल की शाम जबरन घुसे। वे नजदीकी डबलचौकी इलाके में रहते हैं।

सूत्रों ने कहा कि आरोपियों ने क्षिप्रा नदी के किनारे बने आश्रम में कथित तौर पर सामान को अस्त़ व्यस्त करते हुए तलाशी ली और वीडियो शूटिंग भी की। इस दौरान आश्रमवासियों को धमकाते हुए आश्रम खाली करने को कहा गया।

आरोप है कि जब सुखराम की शिष्या साहिबा ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो उसके साथ आशा ने हाथापाई की। उस वक्त सुखराम वहां नहीं था।

सूत्रों के मुताबिक पुलिस को खबर मिली है कि सुखराम ने न्यायमूर्ति डी के त्रिवेदी आयोग के सामने आसाराम बापू के खिलाफ हाल ही में गवाही दी है। यह आयोग आध्यात्मिक संत के अहमदाबाद आश्रम में जुलाई 2008 में दो बच्चों की रहस्यमय हालात में मौत के मामले की जांच कर रहा है।

अनुविभागीय पुलिस अधिकारी मंजूलता खत्री ने भाषा से कहा कि आश्रमवासियों का कहना है कि हंगामा करने वाले लोग खुद को आसाराम बापू का भक्त बता रहे थे। हम किसी नतीजे पर पहुंचने से पहले अलग़-अलग पहलुओं की विस्तृत जांच कर रहे हैं।

साहिबा की शिकायत पर चारों आरोपियों के खिलाफ संबद्ध धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने इनमें से एक आरोपी गिरि को गिरफ्तार कर लिया है।

सुखराम करीब दो साल पहले तब सुर्खियों में आया, जब उसने मीडिया के सामने पेश होकर यह गंभीर आरोप लगाया कि आसाराम की ओर से उसे तंत्र-मंत्र के जरिये छह लोगों को नुकसान पहुंचाने को कहा गया था।


योजना आयोग जल्द बताएगा बीपीएल परिवारों की संख्या
   नई दिल्ली, एजेंसी
योजना आयोग की ओर से गरीबी रेखा के नीचे रहने वाले (बीपीएल) परिवारों के बारे में अनुमान अगले 10 दिन के भीतर दिये जाने की संभावना है। इससे खाद्य सुरक्षा विधेयक को अंतिम रूप देने में मदद मिलेगी।

योजना आयोग के उपाध्यक्ष मोंटेक सिंह अहलूवालिया ने कहा कि अगले 10 दिन के भीतर हमारे पास बीपीएल परिवारों का आंकड़ा होगा।

उन्होंने कहा कि आयोग तेंदुलकर समिति की रिपोर्ट की जांच कर रहा है। रिपोर्ट में बीपीएल परिवारों की संख्या 8 करोड़ बतायी गयी है जो योजना आयोग के पूर्व के 6.5 करोड़ के अनुमान से कहीं अधिक है।

अहलूवालिया ने कहा कि बीपीएल परिवारों की संख्या 7.5 करोड़ से 8 करोड़ हो सकती है जो तेंदुलकर समिति की रिपोर्ट के मुताबिक है।

मंत्रियों के अधिकार प्राप्त समूह (ईजीओएम) ने आयोग से बीपीएल परिवारों की सटीक परिभाषा देने को कहा है जो प्रस्तावित खाद्य सुरक्षा विधेयक के तहत हर महीने चावल और गेहूं पाने के हकदार होंगे।

योजना आयोग ने कहा कि कुछ राज्य बीपीएल परिवारों की संख्या 11 करोड़ बता रहे हैं। इसके अलावा कई अन्य अनुमान भी हैं जो पूरी तरह मनमाने हैं और उसमें किसी तरह की प्रणाली नहीं अपनायी गयी है। उन्होंने कहा कि मेरा अपना अनुमान है कि तेंदुलकर रिपोर्ट का नतीजा कार्य योग्य है।

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  • Web Title:आसाराम-बापू के भक्तों ने मचाया तांत्रिक के आश्रम में उत्पात