DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

अमेरिका ने भारत-पाक को ईरान से पाइपलाइन सौदे पर चेताया

अमेरिका ने भारत और पाकिस्तान को महत्वाकांक्षी गैस पाइपलाइन परियोजना के लिए ईरान के साथ सौदेबाजी के खिलाफ चेतावनी दी है। अमेरिका के सहायक विदेश मंत्री (दक्षिण एवं मध्य एशिया) राबर्ट ब्लेक ने कहा कि ईरान सरकार के बारे में हमारी चिंताएं जगजाहिर हैं।

परमाणु कार्यक्रम के बारे में अंतरराष्ट्रीय चिंताओं को दूर नहीं करने की ईरान की मंशा को देखते हुए हमें नहीं लगता कि ईरान के साथ इस तरह के सौदे करने का यह समय है। ब्लेक का यह बयान उस पाइपलाइन परियोजना के संदर्भ में आया जिसके लिए पाकिस्तान और ईरान ने बीते माह एक संधि पर हस्ताक्षर किए और इस परियोजना में भारत ने रुचि दिखाई है।

पेट्रोलियम मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि इस पाइपलाइन में शामिल होने का कोई भी फैसला शुद्ध रूप से व्यावसायिक दष्टिकोण पर आधारित होगा। हालांकि, इस पाइपलाइन परियोजना के लिए बातचीत में गैस की कीमत से लेकर पाइपलाइन की सुरक्षा जैसे मुद्दों की वजह से लगातार अड़चनें आ रही हैं।

कानकुन में अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा मंच के बाद पेट्रोलियम मंत्री मुरली देवड़ा के साथ यहां आए पेट्रोलियम सचिव एस सुंदरेशन ने कहा, ईरान-पाकिस्तान-भारत पाइपलाइन पर बातचीत जारी है। सुंदरेशन ने कहा कि हमें राजनीति को पीछे छोड़ना होगा। अंत में यह परियोजना तभी आगे बढ़ सकती है, जब भारत-पाकिस्तान सीमा पर गैस उचित मूल्य पर मिलेगी। उन्होंने कहा कि अंत में यह शुद्ध रूप से व्यावसायिक फैसला होगा। आईपीआई एक प्रस्तावित 2,775 किलोमीटर की पाइपलाइन है, जिसके जरिये प्राकतिक गैस की आपूर्ति ईरान से पाकिस्तान और भारत को की जानी है।
   
ब्लेक ने कहा कि ईरान के खिलाफ अतिरिक्त प्रतिबंध लगाने के लिए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में अंतरराष्ट्रीय साझीदारों के साथ तेजी से काम कर रहे ओबामा प्रशासन ने पाकिस्तान और तेहरान के बीच गैस पाइपलाइन समझौते पर विरोध जताया है। कीमत के अलावा भारत के पाकिस्तान के साथ तनावपूर्ण संबंधों की वजह से इसकी बातचीत में बाधा आ रही है। भारत इस पाइपलाइन को लेकर कई बार सुरक्षा संबंधी चिंता जता चुका है। आईपीआई पर आखिरी बार त्रिपक्षीय बैठक 2007 में हुई थी।

भारत पर कई बार इस परियोजना से हटने के लिए अमेरिकी दबाव पड़ चुका है। देवड़ा ने कानकुन में इस पाइपलाइप परियोजना के लिए मई में तेहरान में फिर से बातचीत शुरू करने का प्रस्ताव रखा है। देवड़ा ने मैक्सिको में कहा कि मैं ईरान और पाकिस्तान दोनों के प्रतिनिधियों से कानकुन में बातचीत को तैयार हूं। हमें गैस की आपूर्ति पर कुछ आश्वासन चाहिए। साथ ही हम ईरान से आपूर्ति बिंदु पर भी कुछ आश्वासन चाहते हैं।
   
पेट्रोलियम सचिव ने कहा कि इस परियोजना को लेकर दो मामले लंबित हैं। पहला कीमत फार्मूला है और दूसरा भारत चाहता है कि गैस की आपूर्ति भारत-पाकिस्तान सीमा पर की जाए, न कि पाकिस्तान-ईरान सीमा पर। उन्होंने कहा कि हम गैस का भुगतान तभी करेंगे, जब यह हमारे पास पहुंच जाएगी। हम पाकिस्तान से आ रही गैस का जोखिम खुद नहीं उठाएंगे।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:अमेरिका ने भारत-पाक को ईरान से पाइपलाइन सौदे पर चेताया