DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

प्रत्याशियों पर दायर मुकदमों की ट्रॉयल को टास्क फोर्स

पटना। हिन्दुस्तान ब्यूरो। नगरपालिका चुनाव में अभी तक राज्य भर में 299 नामांकन दाखिल किए जा चुके हैं। इनमें से 15 प्रत्याशियों, 2 प्रस्तावकों और दो समर्थकों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज पाए गए हैं। राज्य निर्वाचन आयोग ने इनके खिलाफ दर्ज मुकदमों के स्पीडी ट्रॉयल के लिए सभी जिलों के एसएसपी व एसपी को अलग-अलग टास्क फोर्स गठित करने का निर्देश दिया है।

राज्य निर्वाचन आयुक्त हेमचंद सिरोही ने बुधवार को ऑब्जर्वर की ब्रीफिंग बैठक में कहा कि पटना में मंगलवार को दो ऐसे प्रत्याशियों ने नामांकन किए थे जिनके खिलाफ आपराधिक मुकदमे हैं। इस बारे में पटना के एसएसपी को दोनों ही मामलों में अलग-अलग टास्क फोर्स गठित कर चार्जशीट फाइल कराने को कहा गया है।

उन्होंने कहा कि सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को भी कहा गया है कि डिस्ट्रिक्ट जज से ऐसे मामलों के स्पीडी ट्रॉयल का अनुरोध करें। आयोग की कोशिश है कि चुनाव परिणाम आने तक स्पीडी ट्रॉयल की प्रक्रिया पूरी हो जाए। अधिकारियों से कहा गया है कि जिला मॉनिटरिंग कमेटी में भी स्पीडी ट्रॉयल के मामलों पर चर्चा हो ताकि उनका निपटारा हो सके।

इसका मकसद यह है कि अगर किसी के खिलाफ झूठा मुकदमा भी है तो वह दोषमुक्त हो और अगर किसी ने सही मायने में अपराध किया है तो उसे सजा हो ताकि वह चुनाव न लड़ पाए। आयुक्त ने उम्मीद जताई कि यह पहला ऐसा चुनाव होगा जिसमें अपराधियों की संख्या कम से कम होगी।

आयोग ने कहा है वैसे प्रत्याशियों पर अधिक जोर रहेगा जिनके खिलाफ हत्या जैसे गंभीर आरोप हैं। आयुक्त ने कहा कि इस बार के चुनाव में अगर 100 ऐसे दागी लोग भी नामांकन करते हैं तो इसे गंभीरता से लिया जाएगा।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:प्रत्याशियों पर दायर मुकदमों की ट्रॉयल को टास्क फोर्स