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किराये के वाहन से पहुंचना पड़ा शिक्षकाओं को

चुनाव डयूटी के लिए मतदान केंद्र पर पहुंचने के लिए दूर-दराज के इलाकों से आई स्कूली शिक्षकाओं को किराये के वाहन लेकर पहुंचना पड़ा। दरअसल जिन मतदान केंद्रों पर इनकी डयूटी लगाई गई वहां तक सीधे न तो मेट्रो थी और न ही बस की सुविधा।

गौतमपुरी एमसीडी फ्लैट स्थित प्राइमरी स्कूल के मतदान केंद्र पर जिन शिक्षकाओं की डयूटी लगाई गई वह वहां से करीब 30 किलोमीटर दूर ओखला रहती है। शिक्षका रजिया बेगम, शगुफ्ता तथा नाजरीन एक ही स्कूल में पढ़ाती हैं। तीनों को छह बजे मतदान केंद्र पर पहुंचना था, लेकिन वहां से मतदान केंद्र के लिए सीधे न तो बस थी और न ही मेट्रो। इसलिए उन्होंने किराये की मारुति वेन करनी पड़ी और वह समय से मतदान केंद्र पर पहुंच गई।

अशोक विहार तथा नीमड़ी कालोनी में रहने वाली शिक्षका निधि एरन के साथ अन्य शिक्षका भी किराये का वाहन कर मतदान केंद्र पर पहुंची। जसौला निवासी शिक्षका अंजू का कहना था कि वह अपने पति के साथ घर से सुबह साढ़े चार बजे निकली थी। छह बजे सेक्टर अफसर मतदान केंद्र पर पहुंचे और सभी शिक्षकाओं को ईवीएम मशीन पर मॉक पोल कराया गया। सबसे ज्यादा परेशानी सभापुर गांव से आगे बदरपुर खादर गांव के मतदान केंद्र पर पहुंचने में हुई। यमुना नदी के बीच बसे इस गांव में मेट्रो तो दूर बस तक नहीं आती है। इसलिए यहां चुनाव डयूटी में आए सभी कर्मियों को अपने या किराये के वाहनों का सहारा लेना पड़ा। यहां वोटिंग खुले स्थान में टैंट में हुई।

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