DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

अंध विश्वास ने ली मासूम की बलि

बबेरू थाना क्षेत्र के टोलाकला गांव में अंधविश्वास ने एक मासूम की बलि ले ली। मासूम की मौत के बाद शुरू हुए तांडव में दंपति समेत आठ लोग लहूलुहान हो गए। तीन को गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दंपति ने तांत्रिक पर आरोप लगाया है कि झाड़फूंक के दौरान उसने पुत्र की हत्या कर दी है। तांत्रिक व अन्य प्रत्यक्षदíशयों का कहना है कि दंपति ने अपने पुत्र को पटक कर मार डाला, वहीं बचाने आए लोगों पर हमला बोल लहूलुहान कर दिया। पिता की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है।

मरका कस्बा निवासी हीरालाल (35) की पत्नी तेजिया (30) नवरात्रि के समय बाकल गांव स्थित प्रसिद्ध जोगिनी माता मंदिर में पूजा सामग्री की दुकान लगाए थी। पति हीरालाल के मुताबिक 30 मार्च को तेजिया की तबियत खराब हो गई। सोमवार की सुबह वह पत्नी को लेकर बेंदाघाट स्थित मां काली देवी मंदिर गया। इसके बाद एक तांत्रिक से झाड़फूंक कराने के लिए वह पत्नी तेजिया, चचिया सास रजपतिया (38) और ढाई साल के पुत्र सौरभ के साथ टोलाकला गांव गया। कुछ देर बाद रजपतिया का भतीजा संतोष भी टोलाकला आ गया। दम्पति ने आरोप लगाया कि उसी रात तांत्रिक आशिक अली ने रात में झाड़फूंक के दौरान सौरभ की हत्या कर दी। तांत्रिक व प्रत्यक्षदíशयों का आरोप है कि दंपति ने ही बच्चाे की पटककर हत्या की है। इसके बाद हुए बवाल में चचिया सास रजपतिया को हीरालाल ने नाक काटकर लहूलुहान कर दिया। दम्पति ने तांत्रिक के पुत्र सुबराती (31) को दांतों से काटकर घायल कर दिया। शोरगुल सुनकर गांव के अन्य लोग आ गए। किसी तरह दंपति को रस्सी से बांधा गया और सिमौनी चौकी को सूचना दी गई। पुलिस ने हीरालाल की तहरीर पर तांत्रिक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:अंध विश्वास ने ली मासूम की बलि