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कैमूर में डीएफओ पर जानलेवा हमला

भभुआ/भगवानपुर। हिन्दुस्तान टीम

भगवानपुर थाना क्षेत्र के हरिपुर देवसरना गांव में छापेमारी करने गई वन विभाग की टीम पर वन माफियाओं ने जानलेवा हमला कर दिया। मंगलवार की देर शाम हुई घटना में डीएफओ डॉ. निशा मणि के, रेंजर गोपाल झा व अन्य बाल-बाल बच गए।

वहीं, बुधवार को डीएफओ व पुलिस इंस्पेक्टर मिथिला बिहारी शुक्ला के नेतृत्व में गई वन विभाग व पुलिस की टीम ने छापेमारी कर भारी मात्रा में अवैध लकडिम्यों को जब्त किया। जब्त की गई लकडिम्यों की कीमत लगभग पांच लाख रुपए आंकी जा रही है।

छापेमारी टीम में भगवानपुर थानाध्यक्ष शमसुद्दीन अंसारी, वनपाल मनोज पाल आदि थे। डीएफओ ने बताया कि मंगलवार को विभाग की टीम को लेकर वे ओरगांव के पास बन रहे पुल के पास गए थे। पुल निर्माण में सेंट्रिंग के उपयोग में जंगली लकडिम्यों का उपयोग किया गया था, जिसे जब्त की गईं। इसी दौरान पता चला कि हरिपुर देवसरना गांव में काफी मात्रा में लकडिम्यां छिपाकर रखी गई हैं।

जब गांव में छापेमारी के लिए टीम गई तो वन माफियाओं ने ईंट-पत्थर से हमला कर दिया। वन विभाग की टीम किसी तरह जान बचाकर वहां से भागी। बुधवार को पुलिस के साथ जाकर तलाशी ली गयी तो घरों व पुआल में छिपाकर रखी गईं नौ ट्रैक्टर लकडिम्यां मिलीं, जिसे जब्त की गईं। गांव में छापेमारी टीम के पहुंचने की भनक लगते ही पुरुष गांव छोड़कर भाग खड़े हुए। डीएफओ ने कहा कि मामले की जांच कर हमलावरों व वन माफियाओं के खिलाफ मुकदमा किया जाएगा। उधर, सीपीआई एमएल के जिला सचिव अशोक बैठा ने कहा कि छापेमारी के नाम पर गांव की महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार किया गया है। इसके खिलाफ उनकी पार्टी आंदोलन करेगी।

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