DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

रहेंगे जवां दिखेंगे युवा

रहेंगे जवां दिखेंगे युवा

हमेशा युवा रहने और दिखने की तमन्ना हम सभी की होती है। लेकिन यह तमन्ना कैसे पूरी हो इसकी जानकारी आमतौर पर नहीं हो पाती। देश के जाने-माने फिजीशियन डॉ. अनिल बंसल से लम्बी बातचीत और अब तक हुए तमाम शोधों को खंगालने के बाद सत्य सिंधु ने ढूंढ निकाली हैं वे 22 बातें, जिन्हें अपनाकर आप 40 पार में भी 22 साल वाला मन और सेहत बरकरार रख सकते हैं।

सही डाइट लें: सही डाइट हमें बीमारियों से दूर रखने में सबसे अधिक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। इसलिए अपनी डाइट को संतुलित रखें जो आपको स्वस्थ और खुश रखे। इसके लिए आप किसी डायटिशियन से सहयोग ले सकते हैं, ताकि वह आपकी जरूरत के अनुसार डाइट की पूरी जानकारी दे सके। वैसे खाने में पालक और हरी पत्तेदार सब्जियों को तो शामिल करें ही, क्योंकि उससे शरीर को विटामिन के भी मिलता है, जो हड्डियों को ताकत देने में बेहतर साबित होता है। खाने में रोजाना दही और अन्य दुग्ध उत्पाद को भी शामिल करें। जापान में हुए एक शोध में यह बात सामने आई है कि हर रोज एक चौथाई कप दही को डाइट में शामिल करने से दांतों का नुकसान 50 प्रतिशत तक कम हो जाता है। साबुत अनाज डायबिटीज, हार्ट की समस्या, स्ट्रोक और गम्स से संबंधित बीमारियों से भी शरीर की रक्षा करते हैं। डार्क चॉकलेट आर्टरीज के फंक्शन को ठीक करती है, लेकिन इस बात का ध्यान रखें कि उसकी मात्र एक दिन में 42 ग्राम से अधिक न हो।

दिमाग को सक्रिय रखें: अगर आपके काम में दिमाग के इस्तेमाल की पूरी जरूरत पड़ती है तो अच्छी बात है, लेकिन अगर आप शारीरिक श्रम वाला काम करते हैं तो भी अपने दिमाग से काम लेते रहें। उसे कभी भी सुस्त न होने दें। जरूरत पड़े तो आप क्रॉस वर्ड पजल्स वाले खेल थोड़ी देर खेलें। इससे आप यंग महसूस करेंगे।

चाय-कॉफी से ज्यादा नहीं: रोजाना 3 से 5 छोटे कप कॉफी पिएं। यह मन के संतुलन को बनाए रखने में मदद करेगा और मानसिक परेशानी की आशंका को 60 प्रतिशत कम करेगा। स्वीडन और फिनलैंड का एक शोध बताता है कि चाय और कॉफी सेहत के लिए फायदेमंद हैं लेकिन ध्यान रखें कि इसकी मात्र ज्यादा न हो। चाय लेते हैं तो कॉफी से एक-दो कम ज्यादा ले सकते हैं।

वजन की जांच कराते रहें: वजन की नियमित जांच भी जरूरी है। आपके शरीर में खासकर चर्बी न बढ़े, इसका ध्यान रखें। एक शोध में यह बात सामने आई है कि चर्बी बढ़ने और उसकी वजह से मोटापा बढ़ने से डिमेंशिया की आशंका 80 प्रतिशत तक बढ़ सकती है।

समूह में रहें: बीपी को नियंत्रित रखने, स्मरणशक्ति का साथ लंबे समय तक पाने और स्ट्रोक की आशंका से बचे रहने के लिए समूह में रहने की कोशिश करें। अकेले रहने से बचें। अच्छे दोस्तों का समूह बनाएं और उनके साथ बातचीत कर खुद को सहज रखने की कोशिश करें।

त्वचा की देखभाल करें: अपनी त्वचा का भी पूरा खयाल रखें। खासकर चेहरे और छाती की त्वचा काफी पतली और मासूम होती है। इन्हें धूप से बचाएं, क्योंकि धूप में मौजूद अल्ट्रा वॉयलेट किरणें त्वचा को नुकसान पहुंचाती हैं। त्वचा की रक्षा के लिए अच्छी क्वालिटी की क्रीम और लोशन का इस्तेमाल करें। गर्मियों में ऐसी टोपी पहनें, जो आंखों और चेहरे पर धूप नहीं पड़ने दे। या छतरी का इस्तेमाल करें। धूप में निकलने के पहले सनस्क्रीन का इस्तेमाल करें और धूप से लौटने के बाद चेहरे को पानी से साफ करना न भूलें।

आंखों का रखें खयाल: आंखों की खूबसूरती हमारे व्यक्तित्व को निखारने में अहम भूमिका निभाती है। तो आप भी अपनी आंखों की खूबसूरती को क्यों नहीं बढ़ाते। इसके लिए उपाय भी बड़े आसान हैं। इसके लिए आपको अपने भोजन में हरी पत्तेदार सब्जियों को शामिल करने की जरूरत है, क्योंकि इसमें मौजूद ल्यूटियन और जियाजेन्थिम पिगमेंट्स आंखों को अल्ट्रावायलेट के नुकसान से बचाने में सहायता करते हैं। सलाद जरूर खाएं, जिसमें पालक प्रमुखता से शामिल हो।

अपना जन्मदिन मनाएं: अपने जन्मदिन पर हर कोई खुश होता है। तो आप भी अपना जन्मदिन क्यों नहीं मनाते। पार्टी न करना चाहें तो बेशक न करें, जन्मदिन जरूर मनाएं और खुद को एक अच्छी-सी भेंट भी दें। इस दिन आप अच्छा दिखने के लिए अपने शरीर पर तो ध्यान देंगे ही, खुद को दिया गया आपका गिफ्ट भी आपको खुश रखेगा।

ड्रेस कोड बनाएं: फैशन के इस समय में कपड़े भी हमारे व्यक्तित्व को निखारने में अहम भूमिका निभाते हैं। कपड़े काफी लोगों में तो आत्मविश्वास भी बढ़ते हैं। अपने व्यक्ति और अपनी पसंद के अनुसार कपड़ों का चयन करने में किसी विशेषज्ञ की सलाह लें जो आपके व्यक्तित्व में चार चांद लगाए।

मछली खाएं: अगर आप मांसाहारी हैं तो अपने भोजन में मछली को प्रमुखता से शामिल करें, क्योंकि उसमें मौजूद ओमेगा 3 आर्थराइटिस, डायबिटीज और हार्ट की बीमारी से लड़ने में मदद करता है। अगर सैमन, मैकेरल, सार्डाइन, पोमफ्रेट और रोहु मछली मिले तो ज्यादा अच्छा है। अगर इनमें से कोई मछली न मिले तो आप फिश ऑयल का भी इस्तेमाल कर सकते हैं, जिसमें 500 एमजी ईपीए (इकोसापेंटाइनोइक एसिड) और डीएचए (डोकोसाहेक्सेनोइक एसिड) हों।

प्यार बढ़ाएं: प्यार तो हर रिश्ते में रखना चाहिए, लेकिन पति-पत्नी का गहरा प्यार युवा रखने में अहम भूमिका निभाता है। कोलंबिया और येल विश्वविद्यालय में किए गए एक शोध में यह बात सामने आई है कि साथ रहने से पति-पत्नी की उम्र बढ़ती है और वे युवा भी दिखते हैं। शोध में इस बात का भी खुलासा हुआ कि जो अकेले रहते हैं, उन्हें आगे चलकर बीमारियां आसानी से अपनी गिरफ्त में लेती हैं।

हाथों का खयाल रखें: खूबसूरत हाथ आपके आत्मविश्वास में भी वृद्धि करते हैं। इसके लिए एक ग्लास नींबू पानी रोज पिएं। इसमें मौजूद साइट्रिक एसिड आपके हाथों की त्वचा को बेहतर बनाता है। अगर आप किचेन में काम करते हैं तो उस दौरान दस्ताने का इस्तेमाल करें। हाथों को सूखा रखने की कोशिश करें और उसे मुलायम रखने के लिए जरूरी अच्छी क्रीम का इस्तेमाल करें। कपड़े, बर्तन धोने और घर की सफाई करते वक्त तो हाथों का खास खयाल रखें, क्योंकि इस दौरान उन्हें नुकसान पहुंचने की आशंका काफी अधिक होती है।

स्मरणशक्ति बढ़ाएं: जैसे-जैसे उम्र बढ़ती जाती है, हमारी स्मरणशक्ति कमजोर होती जाती है। हम नई बातों को याद करते हैं, लेकिन पुरानी बातें याद करने में परेशानी होने लगती हैं। हम यह भी जनते हैं कि अच्छे व्यक्तित्व के लिए स्मरणशक्ति का भी बेहतर होना बहुत जरूरी है। अपनी स्मरणश्क्ति को बेहतर बनाने के लिए आप रोज शाम में अपनी दिनभर की गतिविधियों को याद करने की कोशिश करें। कुछ दिनों के प्रयास से आपको दिनभर के सारे किए गए काम याद आने लगेंगे। अब समझ लें कि आपकी स्मरण शक्ति सुधरने लगी है। उम्र बढ़ने के साथ तनाव वाले हार्मोन कोर्टिसोल बढ़ता है जिसका स्मरणशक्ति पर बुरा असर पड़ता है। टीवी देखना, लम्बी वॉक पर जाना, दोस्तों से बात करना, क्रॉस वर्ड पजल्स खेलना और नई-नई चीजें सीखना भी आपकी स्मरणशक्ति को बेहतर बनाने में कारगर साबित होगा।

बालों को स्वस्थ रखें: जैस-जैसे उम्र बढ़ती है, बाल भी सफेद होते जाते हैं और झड़ते भी हैं। ऐसे में उसे अतिरिक्त कंडिशनिंग की जरूरत होती है। बाल स्वस्थ होंगे तो वे खूबसूरत भी लगेंगे और आपकी खूबसूरती को भी निखारेंगे।

इन बातों से बचें: आंखों पर जोर न डालें। जब जरूरत न हो तो चश्मा भी न लगाएं।

स्मोकिंग न करें।

मुंह धोने के बाद आंखों को रगड़कर साफ न करें, बल्कि थपथपी मारकर सुखाएं।

अगर आपकी त्वचा तैलीय है तो आंखों के पास फेस क्रीम का इस्तेमाल न करें और रिंग फिंगर की सहायता से दिन में दो बार मॉइस्चराइजर लगाएं। यह अंगुली सबसे कमजोर होती है, आंखों को इससे नुकसान नहीं होता।

मेटाबोलिज्म को ठीक रखें: अपना वजन धीरे-धीरे कम करें। जल्दीवाजी में वजन घटाने की कोशिश न करें। मोटापा घटाने के लिए उपवास का रास्ता तो बिल्कुल भी न अपनाएं। इससे मेटाबोलिज्म कमजोर होता है और कमजोरी आ जाती है।

टेंशन न पालें: तनाव से मुक्त रहने के लिए अपनी व्यस्तता बढाएं और दिनचर्या में थोड़ा समय आसन और ध्यान को भी जरूर दें। प्रारम्भ में आसन और ध्यान का अभ्यास किसी विशेषज्ञ की देखरेख में ही करें।

भौंहों की उचित देखभाल करें: आंखों की खूबसूरती अपने व्यक्तित्व को आकर्षक बनाने में खास भूमिका निभाती है। आंखों की सेहत के लिए संतुलित आहार, अच्छी नींद, सुबह आंखों पर पानी के छींटे जैसे उपाय तो महत्वपूर्ण हैं ही, खासकर महिलाओं को अपनी भौंहों आदि को खूबसूरत बनाने के लिए विशेषज्ञ से मिलना चाहिए।

अपने डॉक्टर खुद न बनें: कुछ लोग कोई भी तकलीफ होने पर अपने डॉक्टर खुद बन जाते हैं। इससे आपको नुकसान हो सकता है। किसी भी तरह की तकलीफ हो तो योग्य डॉक्टर से सलाह लेकर ही दवा लें। कही-सुनी बातों पर विश्वास करें और भ्रामक विज्ञापनों पर पर ध्यान न दें और न ही अपने ऊपर उसका प्रयोग करें।

एचडीएल बढ़ाएं: एचडीएल यानी हाई डेंसिटी लिपोप्रोटीन का स्तर ठीक रखें। यदि इसका स्तर शरीर में कम होगा तो स्मरण शक्ति कम होने या डिमेंशिया की समस्या की आशंका बढ़ जाएगी। लंदन के यूनिवर्सिटी कॉलेज में लगभग चार हजार लोगों पर किए गए शोध में यह पाया गया। यह व्यायाम से ठीक रहता है। यानी स्मरण शक्ति को दुरुस्त रखने और डिमेंशिया से बचने के लिए भी व्यायाम जरूरी है।

दिल्ली में समय से पहले बीमार पड़ने के कारण

जिंदगी में भागदौड़ अधिक
उसके अनुरूप खानपान नहीं
न ही जरूरी नियमित व्यायाम
सफलता के लिए तनाव का स्तर बढ़ा लेना
पार्टिर्यो में देर रात तक समय बिताना
स्टेटस सिंबल के लिए ड्रिंक अपनाना

युवाओं की आम बीमारियां

पहले जो बीमारियां 40-50 के बाद होती थी, अब 25-30 की उम्र में होने लगी हैं
इन बीमारियों में स्पांडिलाइटिस, ब्लडप्रेशर, डायबिटीज, हार्ट की समस्या, ब्रेन स्ट्रोक, कमजोर हड्डियों की समस्या आम होती जा रही है
खानापीना खराब होने की वजह से पेट की समस्याएं भी आम होने लगी हैं

रोल मॉडल कौन हैं.. कौन हो
सलमान खान की तरह मसल्स और करीना कपूर की तरह जीरो फिगर की चाह बढ़ रही है
इससे फायदा कम, नुकसान अधिक है, क्योंकि आपकी जीवनशैली वैसी नहीं है
किसी हेल्दी पड़ोसी को रोल मॉडल बनाएं क्योंकि कोशिश करने पर उनकी तरह आप बन सकते हैं।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:रहेंगे जवां दिखेंगे युवा