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एटीएम में निकासी बढ़ने से 100 रुपये के नोट का

गाजियाबाद, विनीत कुमार। महानगर के एटीएम से होने वाली धुआंधार निकासी से बैंक अधिकारियों के होश उड़ गए हैं। एटीएम में होने वाले फुटफॉल यानी एटीएम में आने वाले लोगों की संख्या दो साल में दोगुनी से ज्यादा होने से बैंकों ने सौ रुपये के नोट रखने लगभग बंद कर दिए हैं। आलम यह है कि एटीएम में सिर्फ 500 और एक हजार रुपये के नोट भरे जा रहे हैं। 100 रुपये का नोट नहीं मिलने से उपभोक्ताओं को परेशानी उठानी पड़ती है।

महानगर में रोजाना 10 करोड़ रुपये से अधिक की नगद निकासी सिर्फ एटीएम से होती है। पिछले कुछ माह से बैंकों ने एटीएम में सौ रुपये के नोट डालने कम कर दिए हैं। नतीजतन एटीएम से निकासी करने वाले लोगों को 500 रुपये या उससे ज्यादा की निकासी 500 के राउंड फीगर में करनी पड़ रही है। मंगलवार को नेहरू नगर निवासी योगेश ने जीटी रोड पर एचडीएफसी तथा राकेश मार्ग स्थित बैंक ऑफ बडौदम के एटीएम से दो बार निकासी की, लेकिन दोनों बार उन्हें 500 रुपये के नोट मिले।

इस संबंध में बैंक अधिकारियों का कहना है कि सारी दिक्कत सौ रुपये के नए नोट की कमी तथा एटीएम से लगातार बढ़ रही निकासी की वजह से आई है। सालभर में एटीएम के फुटफॉल में तेजी से बढ़ाेतरी हुई है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की मॉडल टाउन शाखा के प्रबंधक एसके कौशिक के मुताबिक एटीएम में आने वाले लोगों की संख्या में लगातार बढ़ाेतरी हो रही है।

इसकी वजह से छोटे नोट रखने में परेशानी आती है। 500 और एक हजार रुपये के नोट रखने से बैंक ज्यादा धनराशि को कम हिट में निपटा सकती है। बैंक ऑफ बड़ाैदा नवयुग मार्केट के चीफ मैनेजर एडीपी गर्ग के मुताबिक एटीएम को हर दूसरे दिन रिफिल कराने की आवश्यकता पड़ रही है। मशीन में करीब 15 से 20 लाख रुपये एक बार में भरे जाते हैं। रोजाना करीब सात से आठ लाख रुपये की निकासी एटीएम से हो रही है।

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  • Web Title:एटीएम में निकासी बढ़ने से 100 रुपये के नोट का