ट्विशा की मौत पर NCW ऐक्शन में, कहा- दोषियों के खिलाफ कार्रवाई जरूरी; सरकार से रिपोर्ट तलब

हिन्दुस्तान, भोपाल/नई दिल्ली/नोएडा
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भोपाल में मृत पाई गईं ट्विशा शर्मा के मामले में राष्ट्रीय महिला आयोग भी ऐक्शन में आ गया है। आयोग ने ट्विशा की संदिग्ध हालात में मौत मामले में मध्य प्रदेश सरकार से सात दिनों के भीतर विस्तृत कार्रवाई रिपोर्ट मांगी है। साथ ही, मुख्य सचिव और डीजीपी को निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

ट्विशा की मौत पर NCW ऐक्शन में, कहा- दोषियों के खिलाफ कार्रवाई जरूरी; सरकार से रिपोर्ट तलब

भोपाल में मृत पाई गईं ट्विशा शर्मा के मामले में राष्ट्रीय महिला आयोग भी ऐक्शन में आ गया है। आयोग ने ट्विशा की संदिग्ध हालात में मौत मामले में मध्य प्रदेश सरकार से सात दिनों के भीतर विस्तृत कार्रवाई रिपोर्ट मांगी है। साथ ही, मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक को निष्पक्ष और समयबद्ध जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

एनसीडब्ल्यू ने एक्स पर कहा, मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, ट्विशा की शादी के मात्र पांच महीने बाद संदिग्ध हालात में मौत हो गई। पीड़िता के परिवार ने उसके पति समर्थ और सास गिरीबाला सिंह पर दहेज प्रताड़ना, मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाए हैं।

दोषियों के खिलाफ कार्रवाई जरूरी

राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया राहटकर ने मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर मामले में तत्काल, निष्पक्ष और समयबद्ध जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। आयोग ने इस घटना की निंदा करते हुए कहा कि दहेज प्रताड़ना और घरेलू हिंसा से जुड़े मामलों में लापरवाही या प्रभाव का दुरुपयोग किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई जरूरी है।

पुलिस ने शव लेने का अनुरोध किया

मध्य प्रदेश की भोपाल पुलिस ने बुधवार को 33 वर्षीय अभिनेत्री ट्विशा शर्मा के परिजनों से उसका शव लेने का अनुरोध किया। पुलिस ने यह अनुरोध शव के खराब होने की आशंकाओं के मद्देनजर किया। भोपाल के कटारा हिल्स थाने के प्रभारी ने ट्विशा के पिता नवनिधि शर्मा को पत्र लिखकर कहा कि उनकी बेटी का पोस्टमार्टम 13 मई को हुआ था। वर्तमान में शव माइनस चार डिग्री सेल्सियस तापमान पर भोपाल स्थित एम्स के मुर्दाघर में रखा गया है।

शव को खराब होने से रोकने के लिए शून्य से 80 डिग्री सेल्सियस नीचे का तापमान चाहिए और यह सुविधा एम्स भोपाल में नहीं है। पत्र में कहा गया है कि लंबे समय से मृतका का शव मुर्दाघर में है, जिसके खराब होने की पूरी आशंका है। नोएडा निवासी शर्मा के परिजनों ने दहेज प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए एम्स दिल्ली में दोबारा पोस्टमार्टम कराने की मांग संबंधी अर्जी दायर की है।

न्याय दिलाने के लिए पूर्व सैनिकों ने रैली निकाली

पूर्व सैनिकों ने बुधवार को भोपाल में बाइक रैली निकालकर नोएडा की महिला ट्विशा शर्मा को न्याय दिलाने की मांग की। उन्होंने मामले की जांच मध्य प्रदेश से बाहर स्थानांतरित करने की भी मांग की। रैली में शामिल लोगों ने कहा कि वे ट्विशा शर्मा मामले से संबंधित मांगों का ज्ञापन राज्यपाल, मुख्यमंत्री और पुलिस महानिदेशक को सौंपने का प्रयास करेंगे। ट्विशा शर्मा के भाई भारतीय सेना में मेजर हैं।

ससुराल में मृत मिली थी

नोएडा के सेक्टर-16 निवासी 33 वर्षीय ट्विशा 12 मई की रात भोपाल स्थित अपने ससुराल में मृत मिली थीं। उनके परिवार वालों ने ट्विशा की सास रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह और पति वकील समर्थ सिंह पर दहेज हत्या और उत्पीड़न का आरोप लगाया है।

पिता ने नाराजगी जताई

ट्विशा शर्मा के पिता नवनीधि शर्मा ने बुधवार को कहा कि परिवार को भोपाल प्रशासन, पुलिस और न्यायपालिका से न्याय मिलने की अब कोई उम्मीद नहीं बची है। उन्होंने आरोप लगाया कि जानबूझकर देरी की गई, ताकि शव सड़ जाए। उन्होंने कहा, आरोपियों ने अपने मकसद में सफलता हासिल कर ली है। हमें डर था कि दूसरे पोस्टमार्टम की अनुमति देने में जानबूझकर देरी की जा रही है, ताकि शव सड़ जाए, और वही हुआ। वे शव को सड़ाने में सफल हो गए। आज भोपाल प्रशासन ने भी कह दिया कि वे अब शव को सुरक्षित रखने में सक्षम नहीं हैं।

आरोपी पति की गिरफ्तारी के लिए टीमें बनाईं

पुलिस आयुक्त सकुमार ने बताया कि ट्विशा के पति और अधिवक्ता समर्थ सिंह की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें गठित की गई हैं। समर्थ और ट्विशा का विवाह दिसंबर 2025 में हुआ था। वहीं, परिजनों ने अपनी अर्जी में जांच में लापरवाही का आरोप लगाया है और कहा है कि ट्विशा के मृत पाए जाने के तीन दिन बाद प्राथमिकी दर्ज की गई।

Subodh Kumar Mishra

लेखक के बारे में

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सुबोध कुमार मिश्रा पिछले 19 साल से हिंदी पत्रकारिता में योगदान दे रहे हैं। वर्तमान में वह 'लाइव हिन्दुस्तान' में स्टेट डेस्क पर बतौर चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। दूरदर्शन के 'डीडी न्यूज' से इंटर्नशिप करने वाले सुबोध ने पत्रकारिता की विधिवत शुरुआत 2007 में दैनिक जागरण अखबार से की। दैनिक जागरण के जम्मू एडीशन में बतौर ट्रेनी प्रवेश किया और सब एडिटर तक का पांच साल का सफर पूरा किया। इस दौरान जम्मू-कश्मीर को बहुत ही करीब से देखने और समझने का मौका मिला। दैनिक जागरण से आगे के सफर में कई अखबारों में काम किया। इनमें दिल्ली-एनसीआर से प्रकाशित होने वाली नेशनल दुनिया, नवोदय टाइम्स (पंजाब केसरी ग्रुप), अमर उजाला और हिन्दुस्तान जैसे हिंदी अखबार शामिल हैं। अखबारों के इस लंबे सफर में खबरों को पेश करने के तरीकों से पड़ने वाले प्रभावों को काफी बारीकी से समझने का मौका मिला।

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