जंतर-मंतर पर रो पड़े टाइगर जयराम महतो, सोनम वांगचुक से मिल सरकार को दे दी चेतावनी; क्या कहा
20 दिनों से जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक से मिलने के लिए डुमरी से विधायक जयराम महतो पहुंचे। यहां सोनम वांगचुक से मिलने के बाद वो भावुक हो गए और सरकार को चेतावनी दे दी।

सोनम वांगचुक पिछले 20 दिनों से जंतर-मंतर पर लगातार भूख हड़ताल पर हैं। उनके समर्थन में लगातार कई नेता जंतर-मंतर पहुंच रहे हैं। इस दौरान झारखंड की डुमरी विधानसभा सीट के विधायक और जेएलकेएम नेता टाइगर जयराम महतो भी जंतर-मंतर पहुंचे। जयराम महतो जंतर-मंतर पर पहुंचकर भावुक हो गए और सोनम वांगचुक से मिलने के बाद सरकार को चेतावनी भी दी। जयराम महतो ने कहा कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश का माहौल में डायवर्ट हो चुका है और धार्मिक ध्रुवीकरण का रूप ले चुका है। आइए जानते हैं टाइगर जयराम महतो ने जंतर-मंतर पर क्या-क्या कहा है।
पीएम मोदी पर साधा निशाना
जंतर-मंतर पर सोनम वांगचुक के समर्थन में पहुंचे जयराम महतो ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सीधा निशाना साधा। महतो ने कहा कि पीएम मोदी देश को विकास से डायवर्ट करके धार्मिक ध्रुवीकरण की तरफ मोड़ दिया है। जयराम महतो ने कहा कि दुनिया का कोई भी देश अगर धर्म के आधार पर उस देश का निर्माण करने की बात करेगा, तो सोनम वांगचुक जैसे लोगों की जान की आहुति से उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ेगा।
जंतर-मंतर पहुंच क्यों भावुक हो गए जयराम महतो
गुरुवार को जंतर-मंतर पर पहुंचे जयराम महतो सोनम वांगचुक से मिलने के बाद भावुक हो गए। इस मामले पर जब उनसे पूछा गया कि वो अचानक भावुक क्यों हो गए, तो महतो ने जवाब देते हुए कहा कि वो भी इसी तरह के बैकग्राउंड से आते हैं। महतो ने कहा कि वो अभी अपने बैकग्राउंड से बाहर नहीं निकल पाए हैं। इसलिए ऐसा कुछ देखकर वो भावुक हो गए। सोनम वांगचुक के समर्थन में पहुंचे जयराम महतो ने कहा कि कोई आदमी जब सांसद-विधायक या अधिकारी बनता है, तो कुछ दिनों में उसका रहन-सहन पूरी तरह से बदल जाता है, लेकिन मेरा नहीं बदला है। उन्होंने कहा कि मैं अपने गांव की मिट्टी को, अपने दोस्तों और अपने गांव के लोगों को नहीं भूले हैं।
सरकार को चेतावनी
केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार और धर्मेंद्र प्रधान पर जयराम महतो ने जमकर निशाना साधा। इस दौरान महतो ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि सरकार को इनकी बात सुननी चाहिए और इनकी मांग पर विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि आजकल के नेता धरातल पर नहीं जा रहे हैं, इसलिए उन्हें आम लोगों की समस्याओं के बारे में ज्यादा नहीं पता है। उन्होंने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान के कार्यकाल में लगातार पेपर लीक होते आ रहे हैं, इसलिए उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए।
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Mohammad Azamसंक्षिप्त विवरण
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