Three lakh home buyers will face financial burden due to Registry fee increased in Noida - नोएडा : रजिस्ट्री शुल्क बढ़ने से तीन लाख खरीदारों की जेब होगी ढीली DA Image
17 फरवरी, 2020|1:00|IST

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

नोएडा : रजिस्ट्री शुल्क बढ़ने से तीन लाख खरीदारों की जेब होगी ढीली

housing  development  flat

संपत्ति की रजिस्ट्री कराने के लिए नई फीस शुक्रवार से लागू हो गई है। रजिस्ट्री की फीस बढ़ने का अब करीब 3 लाख फ्लैट खरीदारों पर करीब 15 अरब रुपये का भार पड़ेगा। इनमें ढाई लाख खरीदार वे हैं जो 10 साल से फ्लैट पाने के लिए चक्कर काट रहे हैं। इन पर 12 अरब 50 करोड़ का भार पड़ेगा।

इनके अलावा करीब 50 हजार ऐसे खरीदार भी हैं जिनको रहने के लिए फ्लैट तो मिल गए लेकिन बिल्डर-नोएडा प्राधिकरण की लापरवाही के कारण रजिस्ट्री नहीं करा सके। इनमें से करीब 10 हजार खरीदार आम्रपाली की परियोजनाओं के हैं। इन खरीदारों को करीब 2 अरब 50 करोड़ रुपये अतिरिक्त देने होंगे। रजिस्ट्री की लागू की गई नई फीस का विरोध शुरू हो गया है।

अभी तक कितनी भी महंगी संपत्ति की रजिस्ट्री कराने के लिए अधिकतम 20 हजार रुपए फीस देनी होती थी। 10 लाख तक संपत्ति वालों को भी 20 हजार व इससे नीचे कम कीमत की संपत्ति वालों को कीमत का 2 प्रतिशत फीस देनी होती थी। अब संपत्ति की कीमत या जिस कीमत पर स्टांप लिया गया है, जो भी ज्यादा होगा उस कीमत पर 2 प्रतिशत के हिसाब से रजिस्ट्री फीस देनी होगी। महत्वपूर्ण यह है कि इसका खामियाजा नोएडा-ग्रेनो के करीब 3 लाख फ्लैट खरीदारों को भुगताना पड़ेगा। ऐसे में रजिस्ट्री की फीस बढ़ने से खरीदारों की परेशानियां बढ़ गई हैं।

शुक्रवार से नोएडा-ग्रेटर नोएडा के सभी सबरजिस्ट्रार कार्यालय में रजिस्ट्री की नई फीस लेनी शुरू कर दी गई है। गुरुवार को इसको लेकर शासनादेश जारी कर दिया गया था। इस बारे में निबंधन विभाग के एआईजी एस के त्रिपाठी ने बताया कि शुक्रवार से कीमत के हिसाब से दो प्रतिशत फीस लेनी शुरू कर दी गई है। शुक्रवार को पर्ची पर 20 हजार की राशि काट नई राशि लिख उस पर स्टांप लगाकर दी गई। शनिवार तक सिस्टम में नई फीस अपडेट होगी।

ऐसे समझें भार को : नोएडा-ग्रेनो में 20-30 लाख से लेकर डेढ़ करोड़ और उससे महंगी कीमत के फ्लैट-विला है। फ्लैट की इन कीमत का औसतन रेट 70 लाख मान लेते हैं। अभी तक 70 लाख कीमत के फ्लैट की रजिस्ट्री कराने के लिए 20 हजार देने पड़ते थे, अब 70 हजार देने पड़ेंगे। ऐसे में हर खरीदार पर औसतन 50 हजार का अतिरिक्त भार पड़ेगा। 50 हजार को 3 लाख से गुणा करेंगे तो यह कीमत करीब 15 अरब होगी।

25 साल पहले 251 होती थी फीस : वर्ष 1995 के आसपास रजिस्ट्री की अधिकतम फीस 251 रुपए होती थी। इसके बाद अधिकतम 5 हजार और फिर 10 हजार रुपए हो गई। वर्ष 2015 में अधिकतम 20 हजार फीस तय की गई।

पहले प्रस्ताव खारिज किया था

फीस बढ़ोतरी का प्रस्ताव करीब एक साल पहले भी लाया गया था लेकिन निबंधन विभाग के अधिकारियों ने इसे वापस लौटा दिया। अब भी विभाग के अधिकारी इतनी अधिक बढ़ोतरी से सहमत नहीं हैं।

मैं कोई कमेंट नहीं करूंगा : डीएम इस बारे में जिलाधिकारी बीएन सिंह से बात की गई तो उन्होंने कहा कि मैं इस मामले में कोई कमेंट नहीं करूंगा। जिलाधिकारी ने कहा कि इस फीस को यूपी कैबिनेट ने मंजूरी दी है।

आश्वासन : डॉ. महेश शर्मा बोले- बात करूंगा सांसद डॉ. महेश शर्मा का कहना है कि फीस काफी महंगी हो गई है। नोएडा-ग्रेनो के खरीदारों की दिक्कतों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व औद्योगिक विकास मंत्री सतशी महाना तक अवगत करा मदद का प्रयास करूंगा।

आक्रोश : नेफोवा शुल्क बढ़ोतरी का विरोध करेगी नेफोवा अध्यक्ष अभिषेक का कहना है कि फीस बढ़ोत्तरी से आम आदमी की कमर टूट जाएगी। पहले से ही सरकार, प्राधिकरण और बिल्डर ने परेशान कर रखा है। नोएडा-ग्रेनो में 40-50 लाख से कम कीमत के फ्लैट नहीं मिलते हैं। फीस बढ़ोतरी को वापस या कम करने की मांग को लेकर आंदोलन करेंगे।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Three lakh home buyers will face financial burden due to Registry fee increased in Noida