ट्रेंडिंग न्यूज़

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News NCRकृषि मंत्री शिवराज जब खुद को बोल गए CM, याद आया तो हंस पड़े; खूब लगे ठहाके

कृषि मंत्री शिवराज जब खुद को बोल गए CM, याद आया तो हंस पड़े; खूब लगे ठहाके

सोशल मीडिया पर शिवराज सिंह चौहान का एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें गलती से वह खुद मुख्यमंत्री बोल गए। बाद में उन्हें याद आया तो वह खुद हंस पड़े।

कृषि मंत्री शिवराज जब खुद को बोल गए CM, याद आया तो हंस पड़े; खूब लगे ठहाके
Aditi Sharmaलाइव हिन्दुस्तान,नई दिल्लीSat, 22 Jun 2024 07:31 PM
ऐप पर पढ़ें

मध्य प्रदेश के 4 बार मुख्यमंत्री रहे शिवराज सिंह चौहान अब दिल्ली पहुंच गए हैं। वह केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री हैं। इससे पहले वह 20 सालों तक मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री के पद पर रहे। यही वजह है कि अभी भी वह अभी भी अपने जहन से इस पद को निकाल नहीं पा रहे।  दरअसल सोशल मीडिया पर उनका एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें गलती से वह खुद मुख्यमंत्री बोल गए। बाद में उन्हें याद आया तो वह खुद हंस पड़े। यह वीडियो एक कार्यक्रम का था जिसे शिवराज सिंह चौहान संबोधित कर रहे थे। शिवराज सिंह चौहान खुद को सीएम बोल गए तो कार्यक्रम में मौजूद लोग भी ठहाके लगाने लगे। 

दरअसल शिवराज सिंह चौहान शनिवार को नई दिल्ली आईसीएआर में आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी एवं पूर्व छात्रों के मिलन समारोह को संबोधित करने पहुंचे थे। भाषण के दौरान शिवराज सिंह चौहान अचानक खुद को मुख्यमंत्री बोल गए और तुरंत रुक गए। फिर अपनी भूल पर खुद हंसते हुए कहा मुख्यमंत्री नहीं कृषि मंत्री। उन्होंने हंसते हुए कहा, 20 साल तक सीएम रहा हूं तो कुछ एक दिन लगेंगे भूलने में। यह सुनकर वहां मौजूद सभी लोग ठहाके लगाने लगे। 

शिवराज सिंह चौहान ने कहा, मैं लिस्ट बनवा रहा था कि और किस-किस से मिलूं। आप सब से बात करना चाहता हूं क्योंकि मुख्यमंत्री को हर विषय के बारे में नहीं पता। इतना बोलते ही शिवराज सिंह चौहान रुक गए और बोले मुख्यमंत्री नहीं कृषी मंत्री। इसके बाद शिवराज सिंह चौहान हंसने लगे और बोले 20 साल मुख्यमंत्री रहा हूं तो कुछ दिन लगेंगे भूलने में लेकिन धीरे-धीरे आदत पढ़ जाएगी। 

किसानों को विज्ञान से जोड़ने की जरूरत- शिवराज सिंह चौहान

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शिवराज सिंह चौहान ने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विजन और मिशन कृषि के क्षेत्र को आगे बढ़ाना और किसान का कल्याण करना है। मैं जिस दिन से कृषि मंत्री बना हूं, तभी से दिन-रात यही सोच रहा हूं कि किसानों के जीवन को कैसे और बेहतर बनाएं। 

उन्होंने कहा, हम मिलकर कोई ऐसा रोड मैप बना लें, जिसपर चलकर न केवल भारतीय कृषि और किसान का कल्याण हो सके बल्कि हम भारत को दुनिया का फूड बास्केट बना दें, दुनिया को अन्न खिलाएं, एक्सपोर्ट करें। किसान को हमें विज्ञान से जोड़ना है और इसके लिए कृषि विज्ञान केंद्र बहुत उपयोगी है।

Advertisement